एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत के देश में जनसंख्या नियंत्रण और धार्मिक असंतुलन वाले बयान पर पलटवार किया है। समाचार एजेंसी एएनआई के हवाले से ओवैसी ने बयान देते हुए कहा कि भागवत देश में मुस्लिम की आबादी के बारे में चिंता करना बंद कर दें। उन्होंने कहा कि भागवत जी घबराएं नहीं, मुस्लिम आबादी बिल्कुल नहीं बढ़ नहीं रही है, बल्कि गिर रही है, क्योंकि सबसे ज्यादा कंडोम का इस्तेमाल मुसलमान ही कर रहे हैं। दो बच्चों के बीच का जो अंतर होता है, जिसे स्पेसिंग बोलते हैं, वह भी मुसलमानों में ही सबसे ज्यादा है। ओवैसी ने आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि मुसलमानों की कुल प्रजनन दर भी तेजी से कम हो रही है।
यहां देखें वीडियो ओवैसी ने क्या कहा...
बता दें कि ओवैसी आरएसएस प्रमुख डॉ मोहन भागवत के उस बयान का जिक्र कर रहे थे, जिसमें कहा गया था कि जनसंख्या असंतुलन से भौगोलिक सीमाओं में बदलाव आता है। भागवत ने कहा था कि जनसंख्या नियंत्रण और धर्म आधारित जनसंख्या संतुलन एक महत्वपूर्ण विषय है जिसे अब नजरअंदाज नहीं किया जा सकता है। भागवत ने बीते बुधवार को नागपुर में पारंपरिक विजयादशमी समारोह में आरएसएस के स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए यह बात कही।
ओवैसी ने कहा- मुसलमानों की प्रजनन दर घट रही
ओवैसी यहीं नहीं रुके उन्होंने केंद्र सरकार के एक हलफनामे का हवाला देते हुए कहा कि मोदी सरकार ने खुद अदालत से कहा था कि जनसंख्या नियंत्रण मजबूरी नहीं हो सकती है और न ही सरकार ऐसा चाहती है। ओवैसी ने नेशनल फैमिली हेल्थ सर्वे का भी जिक्र किया और बताया कि देश में कुल प्रजनन दर( TFR) 2 फीसदी तक पहुंच गई है और इसमें भी सबसे कम TFR मुसलमानों की है।