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क्या ममता बनर्जी की राह पर चल निकले हैं यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ

Tue, 12 Feb 2019 06:53 PM IST
Jitendra Bhardwaj जितेंद्र भारद्वाज, नई दिल्ली 
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आपको ध्यान होगा कि हाल ही में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बैनर्जी ने भाजपा नेता और यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का हेलीकॉप्टर अपने राज्य में नहीं उतरने दिया। उसके बाद मध्यप्रदेश में लगातार पंद्रह साल तक मुख्यमंत्री रहे शिवराज चौहान को भी हेलीकॉप्टर उतारने की इजाजत नहीं मिली। इन दोनों नेताओं को सड़क मार्ग से पश्चिम बंगाल में जाना पड़ा। 
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योगी ने कहा था कि मुझ जैसे योगी व्यक्ति को भी पश्चिम बंगाल में आने से रोका जा रहा है। अब बिल्कुल वैसी ही स्थिति उत्तरप्रदेश में हो गई, जब पूर्व सीएम अखिलेश यादव के प्लेन को प्रयागराज जाने से रोक दिया गया। इसके बाद यह सवाल खड़ा होने में भी देर नहीं लगी कि ’क्या ममता बैनर्जी की राह पर चल निकले उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ,। 

भाजपा ने अपने नेताओं के हेलीकॉप्टर न उतरने को लेकर क्या कहा था

जब ममता बैनर्जी ने भाजपा के दो बड़े नेताओं के हेलीकॉप्टर अपने राज्य में उतरने से रोक दिया तो भाजपा जोरदार तरीके से टीएमसी पर हमलावर हो गई थी। भाजपा नेताओं ने लोकतंत्र की हत्या जैसे बयान दिए। ममता बैनर्जी को तानाशाह बताया गया। मंगलवार को जब ऐसी ही घटना उत्तरप्रदेश में पूर्व सीएम अखिलेश यादव के साथ घटी तो मायावती और दूसरे विपक्षी दल भाजपा पर निशाना लगाने लगे। विपक्षी नेताओं ने इसे सीधे तौर पर राजनीति बताया है। 

मैनपुरी से एसपी सांसद तेज प्रताप सिंह यादव ने कहा, जब प्रदेश की कमान एक अपराधी के हाथ में हो तो और उम्मीद भी क्या की जा सकती है।  पुलिस के दम पर अब ये सरकार नहीं चलेगी। इसके बाद अखिलेश यादव ने कहा, 'एक छात्र नेता के शपथ ग्रहण कार्यक्रम से सरकार इतनी डर रही है कि मुझे लखनऊ हवाई अड्डे पर रोका जा रहा है।' 

संसद भवन परिसर में आमने-सामने आए रामगोपाल विजय गोयल

इस मसले पर सपा के वरिष्ठ नेता रामगोपाल यादव ने कहा, मैं सीधे तौर पर इसके लिए सीएम योगी को जिम्मेदार ठहराता हूं।  अखिलेश के पास इजाजत थी, इसके बावजूद मुख्यमंत्री योगी के निर्देश पर उन्हें रोका गया। रामगोपाल बोले, अखिलेश से यूपी सरकार को बिना शर्त माफी मांगनी होगी। जब वे मीडिया के साथ बातचीत कर रहे थे तो उनके सामने केंद्रीय मंत्री विजय गोयल आ गए। उन्होंने गोयल से कहा, तुम्हारा मुख्यमंत्री अखिलेश का प्लेन रोक रहा है। तुम उससे बात करो। चूंकि यह बातचीत मीडिया कर्मियों के सामने हो रही थी, इसलिए गोयल ने खुलकर कोई बात नहीं की। 
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इससे पहले कि विवाद बढ़ता, वे वहां से चले गए। यादव ने कहा, यह सीधे तौर से मौलिक अधिकारों के उल्लंघन का मामला बनता है। इसके बाद पूर्व सीएम मायावती ने भी योगी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा, यह सरकार प्रजातंत्र में यकीन नहीं रखती। सीएम योगी सपा-बसपा गठबंधन से घबरा गए हैं और बौखलाहट में ऐसे कदम उठा रहे हैं। 

उत्तरप्रदेश और पश्चिम बंगाल की राजनीति में हैं ये समानताएं

अगर हेलीकॉप्टर-प्लेन रोकने की घटना को देखें तो उत्तरप्रदेश और पश्चिम बंगाल, एक समान हो गए हैं। दोनों राज्यों की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर नज़र डालें तो वे भी एक-दूसरे के बहुत करीब हैं। ममता बैनर्जी अपनी सत्ता को बचाने के लिए लड़ रही हैं तो वहीं यूपी में पूर्व सीएम अखिलेश यादव अपनी खोई हुई जमीन को दोबारा से पाने की जुगत भिड़ा रहे हैं। ये दोनों ही चेहरे विपक्षी गठबंधन के बड़े नेता माने जाते हैं। योगी आदित्यनाथ ने ममता बैनर्जी की तर्ज पर अखिलेश के प्लेन को उड़ने नहीं दिया। 

ऐसा कर योगी ने केवल ममता को ही नहीं, बल्कि विपक्षी दलों को भी यह संदेश दे दिया है कि हेलीकॉप्टर-प्लेन पश्चिम बंगाल में ही नहीं, उत्तरप्रदेश में भी उतरने से रोके जा सकते हैं। भाजपा हेलीकॉप्टर राजनीति का फायदा पश्चिम बंगाल में लेना चाह रही है तो वहीं अखिलेश यादव अब प्लेन के जरिए अपने कार्यकर्ताओं में दोबारा से जोश भरने का प्रयास कर रहे हैं। मतलब सीधा सा है, हेलीकॉप्टर और प्लेन की आड़ में दोनों नेता अपनी-अपनी राजनीति को आगे बढ़ा रहे हैं। 

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