अभिनेता रजनीकांत ने बृहस्पतिवार को अपने विवाह घर के लिए जुर्माना समेत 6.56 लाख संपत्ति कर चुकाने के बाद स्वीकार किया कि इस मामले में कोर्ट का रुख करना बड़ी गलती थी। उन्होंने ट्वीट किया, अनुभव ही सबसे बड़ी सीख है।
राघवेंद्र मंडपम के मामले में भी ऐसा ही हुआ। हमें चेन्नई नगर निगम में शिकायत करनी चाहिए थी, कोर्ट जाने से बचा जा सकता था। इससे पहले मद्रास हाईकोर्ट ने रजनीकांत की याचिका खारिज कर दी थी। स्थानीय निकाय के मुताबिक रजनीकांत द्वारा चुकाए गए 6.57 लाख रुपये में 9386 रुपये लेट फीस शामिल है।