भारत-चीन के बीच कई हफ्तों से चल रहा सीमा विवाद अभी पूरी तरह से नहीं सुलझा है और दोनों पक्षों के बीच सैन्य स्तर की कई दौर की बातचीत बाकी है। पूर्वी लद्दाख में चीनी सेना के भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ की खबरों के बाद मामला बढ़ते देख दोनों सेनाओं ने आपसी बातचीत से इसे सुलझाने के संकेत दिए हैं, साथ ही दोनों देशों की सेना वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) से भी कुछ पीछे हटी है।
हालांकि इन सबके बीच देश में आरोप-प्रत्यारोप और राजनीति का दौर भी जारी है। फिलहाल कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा पीएम मोदी और सरकार की आलोचना करने और चीन द्वारा भारतीय इलाके को कब्जाने के आरोपों पर कई लोगों ने प्रतिक्रिया दी है।
इस मामले में सशस्त्र बलों के सेवानिवृत्त अधिकारियों के एक समूह ने लद्दाख सीमा विवाद से निपटने को लेकर राहुल गांधी द्वारा केंद्र सरकार की आलोचना किए जाने को ‘अवांछनीय एवं निंदनीय‘ करार दिया है। सेवानिवृत्त अधिकारियों ने एक बयान में कहा कि पाकिस्तान पर गांधी के, पूर्व में दिए गए बयानों को पाकिस्तान सरकार एवं सेना ने ‘इस्तेमाल किया और उनका समर्थन किया, जिससे राष्ट्र विरोधी ताकतों को बढ़ावा मिला।’