गुजरात के सूरत में एक हीरा फैक्ट्री के मालिक ने जहर खाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने बताया कि विपुल काकड़िया (38) का शव गुरुवार को तापी के तट पर मिला। बताया जा रहा है कि वो कर्ज के बोझ तले दबे हुए थे, इसलिए उन्होंने आत्महत्या कर ली।
कतरगम के पुलिस अधिकारी एस. एम. जोशी ने कहा कि फिलहाल यह बताया मुश्किल है कि विपुल काकड़िया ने कितना पैसा उधार लिया था और कौन उनपर दबाव बना रहा था। उन्होंने बताया कि हमने उनके परिवार और उनके व्यापारिक साझेदार (बिजनेस पार्टनर) के बयान ले लिए हैं और मामले में जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक, अपना कारोबार शुरू करने से पहले विपुल काकड़िया पहले एक हीरा कंपनी में डायमंड पॉलिशर के तौर पर काम करते थे। काफी समय नौकरी करने के बाद उन्होंने भवन पटेल नामक एक व्यक्ति के साथ साझेदारी में अपना कारोबार शुरू किया। भवन पटेल भी काकड़िया के साथ ही उस कंपनी में डायमंड पॉलिशर का काम करते थे।
पुलिस ने बताया कि दोनों ने अपनी हीरा फैक्ट्री शुरू करने के लिए कई लोगों से उधार लिया था। हालांकि उनका कारोबार सही नहीं चल रहा था, जिसके कारण वे ऋण चुकाने में असमर्थ थे।
वहीं, काकड़िया के परिवार वालों ने बताया कि गुरुवार को वो हमेशा की तरह काम पर जाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन कुछ घंटों बाद वो तापी तट पर अचेत अवस्था में पाए गए। इसके बाद आनन-फानन में उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने उनका शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है।