केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान संस्थान के 67वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे। उन्होंने मेधावियों को डिग्रियां बांटीं और कहा कि ऐसे समय में हमें वैकल्पिक ऊर्जा की खोज की भी आवश्यकता है, जब करोड़ों रुपये कच्चे तेल को आयात करने में खर्च होते हैं।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को कहा कि आईआईटी खड़गपुर को एमएसएमई क्षेत्र के लिए नवाचारों में अग्रणी होना चाहिए। प्रधान ने कहा कि आईआईटी खड़गपुर स्टार्ट-अप और अनुसंधान के लिए बहुत मदद कर रहा है।
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धर्मेंद्र प्रधान संस्थान के 67वें दीक्षांत समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे। उन्होंने मेधावियों को डिग्रियां बांटीं और कहा कि ऐसे समय में हमें वैकल्पिक ऊर्जा की खोज की भी आवश्यकता है, जब करोड़ों रुपये कच्चे तेल को आयात करने में खर्च होते हैं। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि संस्थान ने कोविड के दौरान सेमीकंडक्टर तकनीक और स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में अपनी गतिविधियों को आगे बढ़ाया है और इसके लिए उनकी सराहना करनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि जब किसी दरवाजे को खोला जाता है तो वह हमें नवाचार की स्थिति में ले जाता है। आप (आईआईटी खड़गपुर) पहले से ही उन क्षेत्रों में स्टार्ट-अप की मदद करने वाले नवाचार के केंद्र रहे हैं जो कोविड महामारी के समय में लोगों को लाभान्वित करते हैं। आपको इसे आगे ले जाना होगा।