देश के 12 राज्यों के 57 जिला अस्पतालों को अब मेडिकल कॉलेज का स्वरूप दे दिया गया है। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) ने कुल 112 नए मेडिकल कॉलेजों को शैक्षणिक सत्र 2024-25 में एमबीबीएस कोर्स में दाखिले की अनुमति दे दी है। इनमें सर्वाधिक उत्तर प्रदेश के नौ जिला अस्पताल हैं, जहां 50 से 100 छात्रों का बैच एमबीबीएस की पढ़ाई करेगा।
एनएमसी ने इन सभी कॉलेजों को ई-मेल के जरिये मान्यता की सूचना देते हुए अगले कुछ दिन में काउंसलिंग और छात्रों के प्रवेश की तैयारियां शुरू करने के लिए कहा है। जिन 112 नए मेडिकल कॉलेजों को मंजूरी दी है, उनमें सबसे ज्यादा 22 कॉलेज उत्तर प्रदेश के अलग अलग जिलों के हैं। वहीं, महाराष्ट्र के 14, राजस्थान के 12 और मध्य प्रदेश के आठ कॉलेज भी सूची में शामिल हैं। एनएमसी के चिकित्सा मूल्यांकन और रेटिंग बोर्ड (एमएआरबी) के सदस्य डॉ. रामप्रसाद मीणा की तरफ से जारी आदेश में बताया गया है कि 58 मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस सीटों की बढ़ोतरी की गई है। इसमें उत्तर प्रदेश के 12 मेडिकल कॉलेज हैं, जिनमें एमबीबीएस की सीटें 50 से बढ़ाकर 100 कर दी गई हैं। एनएमसी के बोर्ड सदस्य ने बताया कि पिछले साल केंद्र सरकार ने 157 नए मेडिकल कॉलेजों की स्थापना की मंजूरी दी, जिसके तहत उत्तर प्रदेश के 27 कॉलेज शामिल हैं।
यूपी : ये जिला अस्पताल बने मेडिकल कॉलेज
उत्तर प्रदेश के कुशीनगर, बुलंदशहर, बिजनौर, लखीमपुर खीरी, कौशांबी, गोंडा, कानपुर देहात, सोनभद्र और चंदौली में जिला अस्पतालों के स्वरूप में बदलाव किया है। यहां नए मेडिकल कॉलेजों में इसी साल छात्रों को प्रवेश मिलेगा। जिला अस्पताल परिसर में ही छात्र चिकित्सा प्रैक्टिस करेंगे और शैक्षणिक गतिविधियों के लिए अलग ब्लॉक बनाए गए हैं।