मणिपुर के मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह के सामने गुरुवार को दो प्रतिबंधित संगठनों के 13 उग्रवादियों ने हथियारों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया। आत्मसमर्पण करने वाले उग्रवादियों में कांगलीपाक कम्युनिस्ट पार्टी-पीपुल्स वॉर ग्रुप के 12 और कांगले यावोल कानबा लुप का एक शामिल है। उन्होंने कहा कि, गैर कानूनी गतिविधियों में लिप्त लोगों से हथियार डालने की अपील की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने मणिपुर राइफल्स परिसर में 'घर वापसी समारोह' के बाद बोलते हुए सभी उग्रवादी संगठनों से बातचीत करने को कहा है। उन्होंने कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में राज्य में शांति है और विभिन्न संगठनों के उग्रवादी मुख्यधारा में लौट रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वो सभी विद्रोही संगठनों से शांति वार्ता के लिए तैयार है। जैसा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि, आत्मसमर्पण करने पर एक भी गोली नहीं चलाई जाएगी। साथ ही कोई मुकदमा भी दर्ज नहीं किया जाएगा। उग्रवादियों ने दो एम 79 ग्रेनेड लांचर, 9 एमएम की पिस्तौल के अलावा डेटोनेटर और दो रेडियो सेट सहित अन्य सामान मुख्समंत्री के समझ रखे है।