भारतीय नौसेना के वाइस चीफ वाइस एडमिरल सतीश एन घोरमडे ने इस मौके पर कहा कि DefExpo-2022 भारतीय कंपनियों के लिए अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन करने का एक शानदार अवसर है। इस पर भारतीय कंपनियों की प्रतिक्रिया शानदार रही है। उन्होंने कहा कि भारत प्रगति की ओर है। हम सभी युद्ध क्षेत्रों - हवा, पानी के नीचे और सतह पर लड़ाई के लिए हर तरह से काफी हद तक आगे बढ़ चुके हैं। हम नौसेना की हवा से जहाज में मार करने वाली मध्यम दूरी और कम दूरी की मिसाइल, पनडुब्बी लॉन्च क्रूज मिसाइलों को विकसित करने में अच्छी प्रगति कर रहे हैं।
इस मौके पर गांधीनगर में आयोजित 'मंथन' समारोह में रक्षा मंत्री ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि गुजरात से लेकर असम और कश्मीर से कन्याकुमारी तक हमारे देश में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। उन्हें पहचानने, परिष्कृत करने और राष्ट्र की प्रगति से जोड़ने की जरूरत है। देश के सम्मिलित प्रयासों से आने वाले समय में भारतीय रक्षा क्षेत्र विश्व में अग्रणी होगा। न केवल जनसांख्यिकी की दृष्टि से बल्कि दिमाग से भी भारत आज दुनिया का सबसे युवा देश है। इसकी सोच नई है, इसके लक्ष्य नए हैं और इसलिए नए उद्देश्यों की ओर जाने वाले रास्ते भी नए होने चाहिए।
उन्होंने आगे कहा कि iDEX भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहलों में से एक है। इसे डेफ-एक्सपो 2018 के दौरान पीएम द्वारा लॉन्च किया गया था। इसकी उत्कृष्टता के कारण, इसे पिछले साल प्रधान मंत्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया था।