केंद्रीय मंत्री ने गिनाईं 11 वर्षों की उपलब्धियां
उन्होंने कहा, केंद्र सरकार ने पिछले 11 वर्षों में सुशासन दिया है। पहले भारत दुनिया की 5 सबसे अस्थिर अर्थव्यवस्थाओं में था, लेकिन आज भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। लेकिन बंगाल की हालत यह है कि राज्य में गरीबी की कोई सीमा नहीं रही, जबकि बाकी देश में गरीबी घट रही है। जन विश्वास विधेयक जैसे कानून लाकर हमने सुशासन को स्थापित किया है। 11 वर्षों में हमने भारत को दुशासन से सुशासन की ओर मोड़ा है। मोदी जी के शासनकाल में देश गरीबी से मुक्त हुआ है। आपने देखा है कि एम्स, दुर्गापुर एक्सप्रेसवे बनाए गए हैं। जब मैं 1980 के दशक में आता था, तब कोलकाता में मेट्रो देखता था। अब तो मेट्रो का विस्तार भी नहीं हो रहा है। परिवहन क्षेत्र को भी पूरी तरह से नष्ट कर दिया गया है। 11 साल पहले हम रक्षा उपकरणों का आयात करते थे, आज हम निर्यात कर रहे हैं। यह डिजिटल इंडिया का युग है, लेकिन बंगाल सरकार ने ग्रामीण इलाकों में डिजिटल शिक्षा के लिए क्या किया है।
'हम पर कोई हमला करता है अब उसके घर में घुसकर मारते हैं'
केंद्रीय मंत्री ने कहा- राम मंदिर का निर्माण भाजपा सरकार के कार्यकाल में 500 वर्षों के विवाद को सुलझाकर हुआ है। अनुच्छेद 370 हटाकर हमने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी को सम्मान दिया, जिन्होंने इसके लिए बलिदान दिया था। जिस यूपीए सरकार को ममता बनर्जी समर्थन देती थीं, उसके समय में आतंकी लोगों को मारकर सुरक्षित लौट जाते थे। लेकिन हमने ऑपरेशन सिंदूर के ज़रिए यह दिखा दिया कि अगर कोई भारत के लोगों पर हमला करेगा, तो हम उसके घर में घुसकर जवाब देंगे।
विकसित भारत की ओर - केंद्रीय मंत्री
भूपेंद्र यादव ने आगे कहा- यह यात्रा है विकासशील भारत से विकसित भारत की ओर। न्यू अलीपुरद्वार, डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर, सिटी गैस सिस्टम, सड़क और परिवहन, हर क्षेत्र में प्रगति हुई है। बंगाल के विकास के लिए पीएम मोदी ने एक रोडमैप तैयार किया है। उस रोडमैप को लागू करने के लिए राज्य सरकार को सकारात्मक भूमिका निभानी होगी। सिर्फ संकीर्ण राजनीति, महिलाओं पर अत्याचार और कुशासन से कुछ नहीं होगा। 11 वर्षों में सिद्ध हो चुका है कि 'मोदी है तो मुमकिन है'। हमें ऐसा भारत चाहिए जहां आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस हो, महिलाओं को आगे बढ़ाया जाए। हमारी रक्षा प्रणाली में 30% निर्यात वृद्धि हुई है। कार्बन उत्सर्जन घटाने का लक्ष्य हमने 9 साल पहले ही पूरा कर लिया है। 11 वर्षों के कार्यों का डिजिटल ट्रैकिंग संभव है। आप जानते हैं कि 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस है। बंगाल के महापुरुषों ने भारत में योग के पुनर्जागरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। हमारा संकल्प है कि आने वाले दिनों में देश के विकास के साथ बंगाल को भी आगे बढ़ाया जाए।
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