मोदी सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल के पहले 100 दिनों का एजेंडा तय कर लिया है। इसमें जल संचयन को विशेष महत्व दिया गया है। इसके लिए केंद्र सरकार ने पहले 100 दिनों के भीतर जल संचयन से जुड़ी दस लाख परियोजनाओं को मनरेगा के तहत पूरा करने का लक्ष्य बनाया है।
इन दस लाख परियोजनाओं में से 2.5 लाख का निर्माण जल शक्ति अभियान के तहत चयनित गंभीर जल संकट से जूझ 1,192 ब्लाकों में किया जाएगा। ग्रामीण विकास विभाग के सचिव अमरजीत सिंह के मुताबिक बीते पांच सालों के दौरान ग्रामीण भारत में मनरेगा जल संचयन करने में अहम भूमिका निभा रहा है।