छह करोड़ रुपये की लागत से बनाए जाने हैं दोनों प्लांट, बजट न मिलने से रुका था काम
जल शक्ति विभाग ने तेजी से कार्य किया शुरू
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में एसटीपी (सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट) और ईटीपी (प्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट) का निर्माण जल शक्ति विभाग ने शुरू कर दिया है। इस प्लांट के लिए करीब छह करोड़ खर्च किए जाएंगे। इस कार्य को आगामी पांच माह में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे पूर्व दोनों प्लांटों के निर्माण के लिए प्रदेश सरकार की तरफ से बजट न मिलने से यह कार्य रुक गया था। इसके चलते सेंटर का अन्य निर्माण कार्य भी प्रभावित हो रहा था। अब बजट मिलने के बाद जल शक्ति विभाग ने निर्माण कार्य को युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया है। जिले के मलाहत में करीब 495 करोड़ की लागत से बन रहे पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में जल शक्ति विभाग की तरफ से स्थापित किए जाने वाले एसटीपी और ईटीपी प्लांट का निर्माण शुरू हो गया है। इस प्लांट को स्थापित करने के बाद ही सेंटर में सीवरेज और अन्य पाइप बिछाने का काम पूरा होना है। दूसरी तरफ सैटेलाइट सेंटर का निर्माण कर रही कंपनी ने ओपीडी ब्लाॅक और गेस्ट हाउस में टाइलें और दरवाजे लगाने सहित अन्य कार्य को शुरू कर दिया है।
भवन के भीतर होने वाले फिनिशिंग से संबंधित कार्य को भी किया जा रहा है। प्लांट का निर्माण कार्य पूरा होते ही इसे भवन से जोड़ दिया जाएगा। पीजीआई चंडीगढ़ की तर्ज पर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया करवाने के लिए करीब 495 करोड़ की लागत से पीजीआई सैटेलाइट सेंटर का निर्माण किया जा रहा है। इसके निर्माण की शुरुआत में काफी देरी हुई। पहले पर्यावरण से संबंधित मंजूरी मिलने में काफी समय लगा, मगर वर्तमान में निर्माण कार्य गति से चल रहा है। सेंटर के निर्माण स्थल पर सड़क, बिजली और पानी की व्यवस्था करना प्रदेश सरकार का जिम्मा है। इस सेंटर के बनने से लोगों को पीजीआई चंडीगढ़ के चक्कर लगाने से छुटकारा मिलेगा। ऊना जिले के अलावा अन्य जिलों और साथ लगते क्षेत्र के लाखों लोगों को इसका लाभ मिल पाएगा।
कोट्स :
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में एसटीपी और ईटीपी प्लांट को स्थापित करने के लिए कार्य शुरू कर दिया गया है। कार्य को तेज गति से किया जा रहा है।
ई.नरेश धीमान, अधीक्षण अभियंता, जल शक्ति विभाग, ऊना
कोट्स
पीजीआई सैटेलाइट सेंटर के ओपीडी भवन और गेस्ट हाउस के लिए टाइलें और फिनिशिंग से संबंधित कार्य चल रहा है। दूसरी तरफ एसटीपी और ईटीपी प्लांट का कार्य भी शुरू हो गया है।
-डॉ. राजीव चौहान, नोडल अधिकारी, पीजीआई सैटेलाइट सेंटर, ऊना