10 से 50 रुपये तक कीमत, सुहागिनों में पुश्तैनी परंपरा निभाने का उत्साह
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। करवाचौथ नजदीक आते ही ऊना के बाजार रंग-बिरंगे मिट्टी के करवों से सज गए हैं। सुहागिनों के लिए विशेष महत्व रखने वाले करवों की कीमत 10 से 50 रुपये तक है। आकर्षक रंगों और डिजाइनों में उपलब्ध करवे महिलाओं को लुभा रहे हैं।
करवाचौथ पर मिट्टी का करवा देने की परंपरा पीढ़ियों से चली आ रही है। इसे सुहाग, प्रेम और पारिवारिक रीति-रिवाजों का प्रतीक माना जाता है। आधुनिकता के दौर में भी महिलाएं इस परंपरा को उत्साह से निभा रही हैं और अपनी पसंद व बजट के अनुसार खरीदारी कर रही हैं।
करवा देना उनके परिवार की पुरानी परंपरा है। घर की बुजुर्ग महिलाओं से इस रस्म के बारे में जानकर नई पीढ़ी भी इसे आगे बढ़ा रही है। करवाचौथ व्रत के साथ पारिवारिक परंपराओं और आपसी प्रेम को बनाए रखने का अवसर भी है। -सुनीता
बाजार में मिट्टी के करवे 10 से 50 रुपये तक मिल रहे हैं। अलग-अलग रंगों और डिजाइनों के कारण महिलाएं इन्हें पसंद कर रही हैं। करवों की खरीदारी से बाजार में त्योहार की रौनक बढ़ने लगी है। - अंकाशा, महिला विक्रेता