ऊना। कोरोना कर्फ्यू के बीच सवारियां न मिलने से परिवहन निगम के अधिकतर रूट बंद रहे। शुक्रवार को करीब 25 रूटों पर बसें चलाई गईं। इन रूटों पर भी इक्का-दुक्का सवारियां ही बसों में मौजूद रही। कुछ रूटों पर निगम के अधिकारियों ने यात्रियों को क्लब कर बसों में भेजा। कर्फ्यू के दौरान एचआरटीसी की बसों को तीन से चार यात्रियों के अधिक सवारियां नहीं मिली। एचआरटीसी को घाटे में ही बसों को चलाकर यात्रियों को बसों की सुविधा प्रदान करनी पड़ी।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार को करीब 25 रूटों पर ही बसों को चलाया गया। इसमें 10 से 12 बसों को लेकल रूटों पर उतारा गया। इसके साथ 10 से 15 बसों को लंबे रूटों पर भेजा गया। इन रूटों पर सभी यात्रियों को क्लब करने के बाद बसों में भेजा गया। इस दौरान आईएसबीटी ऊना में दिन के समय एक्का-दुक्का यात्री ही दिखाई दिए। इसके चलते बस अड्डा में पूरे दिन सन्नाटा छाया रहा। इसके चलते निगम की बसों में सिर्फ आपातकालीन सफर करने वाले यात्री ही दिखाई दिए। इसमें ज्यादातर लंबे रूटों के यात्री शामिल थे। वहीं, आरएम सुरेश धीमान ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए सभी रूटों पर बसों को पूरी तरह तैयार रखा गया है, लेकिन सवारियां न मिलने से कुछ रूटों पर ही बसों को भेजा गया। इनमें से संख्या बहुत ही कम पाई गई।