पंडोगा (ऊना)। सिद्धपीठ सिंदूरी श्री हनुमान मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन श्रद्धालुओं ने कथा का रसपान किया। कथा वाचक अरविंद किशोर शरण ने श्रद्धालुओं को श्रीमद्भागवत कथा का महत्व बताते हुए भगवान की भक्ति, सत्संग और सद्मार्ग पर चलने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि मनुष्य को अपने जीवन में धार्मिक एवं आध्यात्मिक मूल्यों को अपनाना चाहिए। भगवान का स्मरण और सत्संग मनुष्य के जीवन को सही दिशा प्रदान करता है। उन्होंने श्रद्धालुओं से कथा का श्रवण करने के साथ-साथ उसके संदेश को अपने जीवन में उतारने का आह्वान किया। कथा के दौरान भजनों और जयकारों से मंदिर परिसर भक्तिमय हो उठा।