ऊना में बैठक में मौजूद पटवार कानूनगो संघ के पदाधिकारी व सदस्य।संवाद
- फोटो : सम्मेलन में नवदंपती जोड़ों को आर्शीवाद देते अधिकारी व जनप्रतिनिधि। संवाद
कहा- पटवारी और कानूनगो खुद को ठगा महसूस कर रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। प्रदेश सरकार की ओर से पटवारी एवं कानूनगो को राज्य कैडर करने के चलते संयुक्त पटवारी एवं कानूनगो महासंघ का गुस्सा फूट पड़ा है। इसी के विरोध में मंगलवार को पटवारी एवं कानूनगो महासंघ हिमाचल प्रदेश के आह्वान पर जिला पटवारी एवं कानूनगो कानूनगो संघ के समस्त पटवारी एवं कानूनगो सामूहिक अवकाश पर चले गए। पटवारी एवं कानूनगो 27 फरवरी तक सामूहिक अवकाश पर रहेंगे। संघ ने सरकार को चेताया कि अगर 27 फरवरी तक राज्य कैडर को लेकर सरकार ने कोई पुनर्विचार नहीं किया तो पटवारी एवं कानूनगो 28 फरवरी से पेनडाउन स्ट्राइक पर चले जाएंगे। इसकी सारी जिम्मेवारी सरकार की होगी। मंगलवार को घोषित अवकाश के दिन महासंघ के सभी पदाधिकारी व सदस्य संघ भवन ऊना में एकत्रित हुए। इस दौरान पटवारी एवं कानूनगो महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष सतीश चौधरी ने कहा कि सरकार की ओर से बलवान कमेटी की सिफारिशें लागू करने से पहले ही राज्य कैडर की अधिसूचना जारी कर दी है। इससे सभी पटवारी व कानूनगो अपने आपको ठगा सा महसूस कर रहे हैं। राजस्व मंत्री की ओर से भरोसा दिलाया गया कि पटवारी-कानूनगो के लिए केवल राज्यस्तरीय तबादला नीति लाई जाएगी। जिला कैडर एवं जिला वरिष्ठता से कोई छेड़छाड़ नहीं की जाएगी परंतु अधिसूचना में राज्य कैडर के साथ स्थापना शाखा भी राज्य स्तरीय कर दी गई है। उन्होंने कहा कि सरकार से हमारा कोई टकराव नहीं और न ही हम जनता को परेशान करना चाहते हैं। हमारी अधिकतर मांगें आम जनता की सहूलियत के लिए ही हैं। हमारी मुख्य मांग आज भी राज्य कैडर का निरस्तीकरण तथा बलवान कमेटी की सिफारिशों को तुरंत प्रभाव से लागू करवाना है। यदि राज्य सरकार की ओर से दो दिन में विचार न किया गया तो राज्य कार्यकारिणी के आह्वान पर 28 फरवरी से पेन डाउन हड़ताल की जाएगी।