हरोली क्षेत्र के तहत गांव नंगल खुर्द में जंगल की आग ने एक रिहायशी मकान को जलाकर राख कर दिया। आग की इस घटना में पीड़ित परिवार का करीब पांच लाख का नुकसान हुआ है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। सूचना मिलते ही दमकल विभाग ने मौके पर पहुंच कर आग पर काबू पाया। जानकारी के मुताबिक कौशल्या देवी पत्नी रघुवीर चंद निवासी नंगल खुर्द के घर के समीप जंगल में लगी आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। देखते ही देखते आग की लपटों ने घर को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे पूरा घर आग की लपटों से घिर गया। आग की भीषण लपटें देख ग्रामीणों में अफरा-तफरी मच गई और लोग घटनास्थल की ओर भागे। हालांकि, लोगों ने आग पर काबू पाने के काफी प्रयास किए, लेकिन भीषण आग की लपटों के आगे सब बेबस दिखे। इतने में सूचना पर मौके पर पहुंची दमकल विभाग की टीम ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। लेकिन, तब तक घर का सारा सामान जलकर राख हो चुका था। उधर, दमकल विभाग के प्रभारी सरवण कुमार ने बताया कि जंगल की आग से रिहायशी मकान जलकर राख हो गया है। घटना में लगभग पांच लाख रुपये का नुकसान का अनुमान है। तहसीलदार हरोली विजय राय नेे अग्निकांड से प्रभावित महिला को फौरी तौर पर दस हजार की सहायता राशि प्रदान की। उन्होंने बताया कि आग लगने से हुए नुकसान का आकलन कर रिपोर्ट तैयार कर यथा संभव सहायता राशि उपलब्ध करवाई जाएगी।
दहक उठे मसलाना के जंगल
उपमंडल अंब के तहत ग्राम पंचायत राजपुर जस्वां के मसलाना गांव के आसपास जंगल में मंगलवार दोपहर बाद भयंकर आग लग गई। आग स्थानीय आबादी के निकट आता देख जहां स्थानीय लोगों ने एकत्र होकर स्वयं आग बुझाने का प्रयास किया, वहीं मौके पर फायर ब्रिगेड को भी सूचित किया। स्थानीय ग्राम पंचायत के उपप्रधान अनिल कुमार शर्मा ने बताया कि आग आबादी के बहुत नजदीक पहुंच गई थी। जिस कारण रिहायशी मकानों को खतरा हो सकता था। फायर कर्मियों ने मौके पर पहुंच कर तेजी से फैल रही आग पर काबू पाया।
पिरथीपुर के जंगल में आग का तांडव
दौलतपुर चौक (ऊना)। क्षेत्र के रायपुर एवं पिरथीपुर गांव में देर रात अचानक जंगल में आग भड़क गई। इससे लाखों रुपये की वन संपदा जलकर राख हो गई। वहीं, सैकड़ों जीवजंतु भी काल का ग्रास बन गए। रात भर आग जंगल में सुलगती रही और मंगलवार को रायपुर के बुखाया मुहल्ला के घरों के समीप तक आग पहुंच गई, जिससे ग्रामीणों में हड़कंप मच गया। मौके पर ग्राम पंचायत उपप्रधान तरसेम सिम्मी, गार्ड पूर्ण सहित दर्जनों युवाओं ने परंपरागत तरीकों से आग पर काबू पाना शुरू कर दिया। आग के रौद्र रूप को देखते हुए फायर ब्रिगेड अंब को सूचित किया गया। उपप्रधान तरसेम सिम्मी ने बताया कि फायर ब्रिगेड एवं वन विभाग के संयुक्त प्रयासों से पांच घरों को बचाया गया अन्यथा भयंकर नुकसान हो सकता था। उधर, पिरथीपुर के जंगल में भी आग ने भयंकर तबाही मचा रखी है और पिछले तीन दिनों से आग पर नियंत्रण नहीं हो पा रहा है, जिसका एक कारण जंगल में रास्ता न हो पाने की वजह से फायर ब्रिगेड न पहुंच पाना है। लेकिन दहकते जंगल से लाखों रुपये की वन संपदा राख हो रही है।