फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ऐसे पंचायत प्रतिनिधि चुनें जो भाई-भतीजावाद को तरजीह न दें : युवा मतदाता

Thu, 16 Apr 2026 11:28 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
विज्ञापन
विज्ञापन
पंचायत चुनाव को लेकर भावी प्रत्याशियों की दावेदारियां तेज, दुविधा में पड़ा आम जनमानस
विज्ञापन


संवाद न्यूज एजेंसी

मुबारिकपुर (ऊना)। त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं के चुनावों लेकर लोग सशक्त दावेदार होने के दावे दिल खोलकर करने में जुट गए हैं। चुनाव में उतरने के चाहवान पूरी तरह सक्रिय हो चुके हैं। इस बार पंचायती राज चुनाव का रोस्टर आते ही कई लोगों को आरक्षण सीटों के चलते मायूस होना पड़ा, वहीं इस बार रोस्टर आते ही चुनाव की दावेदारी हाईटेक रंग में रंगी नजर आई। प्रत्याशियों की डिजिटल दावेदारी फेसबुक पर साफ दिख रही है कि चुनाव में उतरने को लेकर भावी प्रत्याशी किस कदर बेताब हैं। हालांकि अभी चुनाव तिथि निश्चित नही हुई है लेकिन ग्रामीण क्षेत्रों में दावेदार आम जनमानस से मिलकर अपने चुनावी भविष्य की सहारा लेने में लगे हुए हैं। आम जनमानस चुनाव से पूर्व कर्मठ, सशक्त, ईमानदार प्रत्याशियों की दावेदारी की आई बाढ़ से दुविधा में नजर आ रहा है ।


हमारे पंचायत प्रतिनिधि कैसे होने चाहिए
बुद्धिजीवी रुद्राक्ष पराशर ने कहा कि प्रत्याशी की छवि जनता के सामने ईमानदार, कर्मठ की होनी चाहिए। अपने मत का सही प्रयोग करते हुए योग्य प्रत्याशी को ही चुनना चाहिए जो चुने जाने के बाद जनता की अनदेखी न करे।
विज्ञापन


समाजसेवी सुरेश भारद्वाज ने कहा कि हमारा प्रतिनिधि आम लोगों से सीधी बात करने वाला तथा चुने जाने के बाद सबको समान दृष्टि से देखते हुए कार्य करने वाला होना चाहिए।
वहीं पहली बार मतदान करने वाले युवा वोटर सूर्यांश शर्मा ने कहा कि वोट हर जन का लोकतांत्रिक अधिकार है। गांव की जनता हर प्रत्याशी को भली-भांति जानती है। ग्रामीण मतदाता द्वारा योग्य प्रतिनिधि की योग्यता को दरकिनार कर ऐसे मौकापरस्त लोगों को चुन लिया जाता है, जो पांच वर्ष गांव में स्वार्थ, भाई-भतीजावाद तथा गरीबों की अनदेखी करते हुए अपनी मनमानी करते हैं। बाद में जनता को पश्चाताप रहता है। चुनाव एक ऐसा मौका है, जब कुशल, योग्य जनप्रतिनिधि को हम अपने एक वोट द्वारा चुन सकते हैं।
विज्ञापन

..................

निशांत शर्मा ने कहा कि बड़े-बड़े वायदे करने वालों की बातों में न आकर ऐसे कुशल लोगों को जनप्रतिनिधि चुनना चाहिए, जो लोगों की समस्याओं को समझते हों। साथ ही बिना भेदभाव, राजनीतिक पक्षपात के सभी के हित में कार्य करने का पक्षधर हो।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें