ऊना। हिमाचल प्रदेश विधानसभा की स्थानीय निधि लेखा समिति की समीक्षा से पहले उपायुक्त जतिन लाल ने संबंधित विभागों को ऑडिट पैराग्राफ से जुड़े रिकॉर्ड दुरुस्त रखने के निर्देश दिए हैं।
बुधवार को डीआरडीए बैठक कक्ष में आयोजित बैठक में उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे अद्यतन आंकड़ों, रिपोर्ट और आवश्यक दस्तावेजों के साथ तैयार रहें, ताकि समीक्षा के दौरान मामलों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट रूप से प्रस्तुत की जा सके।
उपायुक्त ने कहा कि हिमाचल प्रदेश राज्य लेखा परीक्षा विभाग के दायरे में आने वाले संस्थानों से संबंधित ऑडिट पैराग्राफ की जानकारी पूरी और व्यवस्थित होनी चाहिए। रिपोर्ट निर्धारित फॉन्ट और आकार में तैयार की जाए और उसमें सभी जरूरी विवरण शामिल किए जाएं। इससे समिति के समक्ष संबंधित मामलों की समीक्षा करने में आसानी होगी।
स्थानीय निधि लेखा समिति 22 अक्तूबर को सुबह 10 बजे जिला परिषद हॉल में संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक करेगी।
इसमें राज्य लेखा परीक्षा विभाग के दायरे में आने वाले संस्थानों के ऑडिट पैराग्राफ के साथ पिछले तीन वर्षों की कार्यप्रणाली की समीक्षा की जाएगी। इसके अलावा पंचायतीराज और शहरी विकास विभाग के अंतर्गत आने वाले निकायों से संबंधित सीएजी ऑडिट पैराग्राफ भी चर्चा के दायरे में रहेंगे।
उपायुक्त ने सभी संबंधित अधिकारियों को बैठक के लिए सुबह साढ़े नौ बजे जिला परिषद हॉल में उपस्थित रहने के निर्देश दिए हैं। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त इशांत जसवाल, सहायक आयुक्त विनय मोदी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।