अमर उजाला ब्यूरो
ऊना। मलेशिया में गगरेट के बढ़ेड़ा राजपूतां निवासी अक्षय कुमार की मौत के बाद वीरवार को मृतक का शव पहुंचने पर गुस्साए ग्रामीणों ने चक्का जाम कर रोष प्रदर्शन किया। मृतक के परिजनों द्वारा अक्षय कुमार को विदेश भेजने वाले संस्थान की शिकायत करने के दस दिन बाद भी पुलिस द्वारा कोई कार्रवाई न करने से क्षुब्ध सैकड़ों क्षेत्रवासी सड़कों पर उतर आए। करीब ढाई घंटे तक बढेड़ा राजपूतां गांव में शव के साथ चक्का जाम करने पर भी जब जिला प्रशासन के अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचे तो उग्र क्षेत्रवासियों ने शव के साथ गगरेट कस्बे के मुख्य चौक पर चक्का जाम कर यातायात बाधित कर दिया। करीब पौने तीन बजे उपायुक्त विकास लाबरू व एसपी अनुपम शर्मा के मौके पर पहुंचे। प्रदर्शनकारियों को आश्वस्त करने के बाद ही जाम खुल पाया। मृतक अक्षय कुमार के पिता जोगिंद्र पाल सहित उग्र प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि इस मामले में न तो पुलिस ने उनकी गुहार सुनी और न ही केंद्र सरकार ने शव भारत लाने में उनकी कोई मदद की। मृतक के रिश्तेदार अपने खर्च पर ही शव मलेशिया से लेकर आए हैं। इस मामले में पुलिस पर लापरवाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया। पुलिस द्वारा पंजाब के एक नामी संस्थान के खिलाफ कोई कार्रवाई न करने पर ग्रामीण भड़क उठे थे। करीब डेढ़ बजे तक जब एसपी अनुपम शर्मा मौका पर नहीं पहुंचे तो प्रदर्शनकारी और उग्र हो गए और शव के साथ गगरेट कस्बे के मुख्य चौक पर आकर शव के साथ धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने कस्बे के व्यापारियों से भी दुकानें बंद कर लेने का आह्वान किया।