ना। करोड़ों रुपये के एसमएस घोटाले में मायानगरी और राजनीतिक कनेक्शन सामने आ रहा है। शातिरों पर कई बड़े राजनेताओं का हाथ बताया जा रहा है। यही वजह रही है कि ये शातिर इस तरह के अपराधों को अंजाम देते रहे। ठगी के पैसों को ये शातिर बॉलीवुड की एक फिल्म में लगाने वाले थे।
मामले का मुख्य आरोपी प्रवीण उर्फ मोहित पंजाब के सिटी मानसा थाने में उद्घोषित अपराधी है। विजय कुमार वर्ष 2012 में इस तरह के एक घोटाले में वांछित अपराधी रहा। इसकी पंजाब पुलिस को तलाश है, लेकिन आरोपियों ने हिमाचल आकर एक नए फर्जीवाड़े को अंजाम दे दिया। करोड़ों रुपये हिमाचल और सीमांत राज्य पंजाब से बटोर कर ये लोग फरार भी हो गए। यहां तक खुलासा किया जा रहा है कि घर बैठकर एसएमएस से पैसा कमाने की योजना के नाम पर ठगे गए करोड़ों रुपयों से इस गैंग की बॉलीवुड में फिल्म बनाने की योजना थी।
पुलिस की गिरफ्त से बाहर चल रहे किंग पिन मोहित का बॉलीवुड और राजनीतिक कनेक्शन बताया जा रहा है। ऊना पुलिस ने परत दर परत इस बड़े फर्जीवाड़े का खुलासा करना शुरू किया है। एसपी दिवाकर शर्मा ने भी माना कि ये शातिर जहां भी जाते थे। सबसे पहले जांच एजेंसियों को प्रभाव में लेने की जुगत भिड़ाते थे। ऊना में भी इन्होंने इसी तरह की कोशिश की लेकिन इसमें ये सफल नहीं हो पाए। बताया जा रहा है कि इस मामले में मोहित की गिरफ्तारी अहम है। पैसों का हिसाब-किताब मोहित के पास ही रहता था। पुलिस ने आरोपियों के बैंक खाते भी सीज किए हैं, लेकिन इनमें ज्यादा राशि नहीं मिली है।
तीन हजार के बदले आईडी देते थे शातिर
इससे पहले पुलिस इनके ड्राइवर बाबू राम को भी रेलवे स्टेशन के समीप से गिरफ्तार कर चुकी है। सूत्रों के मुताबिक उक्त कंपनी ने तीन हजार के बदले सैकड़ों लोगों को करीब 70 हजार आईडी बांट रखी थी। इसके अलावा 150 के करीब फ्रेंचाइजी चल रही थी। उधर, एसपी दिवाकर शर्मा ने लोगों को हिदायत दी है कि ऐसे झांसों में न आएं। किसी भी प्रकार का प्रलोभन देने वालों की सूचना तुरंत पुलिस प्रशासन को दें। उन्होंने कहा कि पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है।