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Una News: त्योहारी सीजन में डिपो से दाल चना और सरसों का तेल गायब

Wed, 21 Oct 2026 12:12 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
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ऊना। त्योहारी सीजन में आम जनता को सस्ते राशन का डबल कोट मिलना तो दूर, एकमुश्त राशन भी मुहैया नहीं हो रहा है। त्योहारी सीजन में सिविल सप्लाई कॉरपोरेशन के खाद्य आपूर्ति विभाग के डिपो में दाल चना और सरसों का तेल गायब है। उपभोक्ता त्योहारी सीजन में सरकार से चीनी और चावल का डबल कोटा मिलने की आस में थे लेकिन डबल कोटा मिलना तो दूर विभाग एकमुश्त खाद्य वस्तुएं भी डिपो में देने भी नाकाम रहा है। उपभोक्ता सस्ते राशन के नाम पर डिपो में ठगा सा महसूस कर रहे हैं और रोजाना खाद्य सामग्री खरीदने के लिए चक्कर काट रहे हैं। पूरा राशन न मिलने की सूरत में आम जनता बाजारों से महंगे दामों पर खाद्य वस्तुएं खरीदने को मजबूर होकर रह गई है। किसी भी महीने आम जनता को एकमुश्त सस्ता राशन डिपो में नहीं मिलता है। कभी चीनी तो कभी दालें और यहां तक की तेल की समस्या तो हर महीने का रोना बनकर रह गई है। विभाग का तर्क है कि टेंडर प्रक्रिया समय पर पूरी न होने की सूरत में खाद्य वस्तुओं की खरीद नहीं हुई है। वहीं सरकार और विभाग की डिपो में सस्ते राशन मुहैया करवाने के दावे वर्तमान में हर महीने खोखले साबित नजर आए हैं और ऊपर से त्योहारी सीजन में पहले ही महंगाई ने आम जनता की कमल तोड़ डाली है। जिले में 326 उचित मूल्य की दुकानों के माध्यम से 1,45,944 राशन कार्ड धारकों को सार्वजनिक वितरण प्रणाली का लाभ दिया जा रहा है।
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सिविल सप्लाई कॉरपोरेशन क्षेत्रीय प्रबंधक रीता कुमारी का कहना है कि दाल चना और सरसों के तेल का टेंडर नहीं हुआ है। इसके चलते डिपो में सप्लाई नहीं हुई है।

वार्ड नंबर नौ के निवासी नितिन शर्मा का कहना है कि डिपो में सस्ते राशन के दावे नाम के ही रह गए हैं। जनता हर महीने ठगी का शिकार हो रही है। एकमुश्त राशन किसी भी महीने जनता को नहीं मिल रहा है।
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बैहली मोहल्ला निवासी सुमन कुमारी का कहना है कि डिपो में राशन लेने तो जाते हैं लेकिन कभी तेल तो कभी दालें एकमुश्त किसी भी महीने नहीं मिलती हैं। बार-बार डिपो के चक्कर काटकर थक गए हैं। विभाग हर बार नाकाम रहा है।

वार्ड नंबर दस निवासी अनीता रानी का कहना है कि सरकार के झूठे आश्वासनों की जनता हर बार शिकार होकर रह गई है। डिपो में राशन पूरा न मिलने की सूरत में बाजारों से महंगे दामों पर खरीद करने को विवश हैं।

स्थानीय निवासी लाल चंद का कहना है कि सरकार की डिपो में सस्ता राशन एकमुश्त देने की व्यवस्था चरमरा कर रह गई है। डिपो के बार-बार चक्कर काटने पर भी सारा राशन किसी भी महीने पूरा नहीं मिला है।
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