ऊना। हिमाचल प्रदेश में एचआरटीसी कर्मचारियों की प्रस्तावित हड़ताल और उसके मद्देनजर प्रदेश सरकार द्वारा दैनिक भत्ते के आधार पर चालकों की भर्ती प्रक्रिया शुरू किए जाने को लेकर सियासत तेज हो गई है। भाजपा ने इस मुद्दे पर कांग्रेस सरकार को घेरते हुए युवाओं के साथ वादाखिलाफी का आरोप लगाया है। ऊना से भाजपा विधायक एवं पूर्व प्रदेश अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती ने कहा कि कर्मचारियों पर एस्पा लगाने का भाजपा कड़े शब्दों में विरोध करती है। उन्होंने पार्टी कार्यालय ऊना में प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए कहा कि कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव के दौरान युवाओं को 58 वर्ष तक की स्थायी नौकरी देने का वादा किया था लेकिन सत्ता में आने के बाद सरकार लगातार अस्थायी और दैनिक भत्ते आधारित भर्तियों को बढ़ावा दे रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार की नीतियों के कारण कर्मचारी और युवा दोनों वर्ग खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं तथा प्रदेश में रोजगार और कर्मचारी हितों को लेकर गंभीर स्थिति उत्पन्न हो गई है। सत्ती ने कहा कि कांग्रेस सरकार युवाओं को स्थायी रोजगार देने के वादे के साथ सत्ता में आई थी लेकिन ढाई वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बाद भी युवाओं को नियमित रोजगार उपलब्ध नहीं कराया गया। इसके विपरीत सरकार विभिन्न विभागों में अस्थायी और दैनिक भत्ते के आधार पर नियुक्तियां कर रही है। विधायक ने आरोप लगाया कि एचआरटीसी कर्मचारियों की वित्तीय देनदारियां समय पर नहीं चुकाई जा रही हैं, जिसके कारण कर्मचारियों में भारी नाराजगी है। उन्होंने कहा कि सरकार द्वारा गणतंत्र दिवस, स्वतंत्रता दिवस और हिमाचल दिवस जैसे अवसरों पर कर्मचारियों के हित में कई घोषणाएं की गईं लेकिन उनमें से एक भी घोषणा धरातल पर लागू नहीं हो पाई।