ऊना। जिस बस को यात्रियों को मंजिल तक पहुंचाना था, वह ऊना पहुंचते ही हांफ गई। जीरो बुक वैल्यू धर्मपुर डिपो की एचआरटीसी बस जोगिंद्रनगर से अमृतसर जैसे लंबे रूट पर यात्रियों को लेकर निकली, लेकिन ऊना में पंप खराब होने के बाद पिछले तीन दिनों से सड़क किनारे खड़ी है।
डिपो में खराब पंप का इंतजाम नहीं था, लिहाजा तीन दिन बाद जुगाड़ से काम चलाने की नौबत आई। मामला यहीं खत्म नहीं होता, बस का पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल सर्टिफिकेट (पीयूसीसी) अगस्त में ही खत्म हो चुका है। यानी यात्रियों को लेकर दौड़ रही बस की कागजी और तकनीकी स्थिति, दोनों पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
तीन दिनों से खराब एचआरटीसी की बस वर्तमान में क्षेत्रीय अस्तपाल के पास सड़क किनारे खड़ी अपनी मरम्मत का इंतजार कर रही है। बस की फिटनेस 2027 तक होने के बावजूद अगस्त महीने में ही पीयूसीसी समाप्त हो चुका है। ऐसे में निगम की निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठना लाजिमी है।
वर्ष 2014 मॉडल की यह बस भी उम्र के लिहाज से पुरानी बसों की श्रेणी में है। बस के दस्तोवजों के अनुसार, खराब खड़ी यह बस 13 साल 10 महीने का सफर तय कर चुकी है। होना तो यह चाहिए था कि इस बस को लोकल रूट पर चलाया जाता लेकिन इसे जोगिंद्रनगर से अमृतसर जैसे लंबे रूट पर भेजा गया। रास्ते में बस के जवाब देने से निगम के बस बेड़े के रखरखाव पर बड़ा सवाल खड़ा हो गया है।