ऊना।
क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में टीबी सेंटर को पक्का रास्ता नसीब नहीं हो पाया है। जिला क्षय रोग केंद्र में आने वाले टीबी रोगियों का मर्ज अब और भी बढ़ गया है। पहले ही भयंकर बीमारी की चपेट में आए टीबी रोगी अपनी जिंदगी के लिए लड़ रहे हैं। क्षेत्रीय अस्पताल प्रशासन ने अस्पताल के बैक साइड स्थित टीबी सेंटर के सामने गंदगी को दफनाने के लिए लगभग आठ फुट का गहरा गड्ढा खुदवा दिया है जो हर समय बदबू उगल रहा है।
टीबी रोगियों को भी इस गंदगी भरे गड्ढे के समीप होकर गुजरना पड़ रहा है। यहां टीबी रोग को खत्म करने के लिए पूरा देश एकजुट होकर लड़ रहा है और सरकार व विभाग करोड़ों रुपये खर्च कर रही है। दूसरी ओर अस्पतालों में ऐसी व्यवस्थाओं से सरकार और विभाग के दावों की पोल खुलती दिखाई दे रही है। क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में ऐसी लापरवाही बरतने से रोगियों के साथ-साथ उनके तीमारदारों के साथ भी खिलवाड़ हो रहा है। अस्पताल रोगियों को बेहतर सुविधाएं और रोगियों के स्वास्थ्य के सुधार के लिए अस्पताल प्रशासन दृढ़ संकल्प रहते हैं लेकिन क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में इसके विपरीत है।
अस्पताल की पिछली तरफ टीबी सेंटर स्थापित किया है जहां नियमित जांच के लिए लगभग एक दर्जन से अधिक रोगी पहुंचते हैं। हैरानी की बात तो यह है कि टीबी सेंटर से कुछ कदम दूरी रास्ते पर ही अस्पताल प्रशासन ने अस्पताल की गंदगी का गहरा डंप बनाया है। यह डंप लगभग आठ फुट गहरा है जो वेस्ट दवाइयों सहित अन्य मैटीरियल की गंदगी से हर समय बदबू उगलता रहता है। ऐसे में यहां से गुजरने वाला स्वस्थ व्यक्ति भी बीमार हो सकता है। एक टीबी रोगी की हालत क्या हो सकती है, इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। सीएमओ ऊना डॉ. प्रकाश दड़ोच ने कहा कि मामला ध्यान में आया है। इस मामले को लेकर शीघ्र उचित कार्रवाई की जाएगी। अस्पताल प्रशासन रोगियों को बेहतर सुविधाएं देने के लिए प्रयासरत है।