महासंग्राम 2017, हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव
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ऊना। जिला निर्वाचन अधिकारी एवं उपायुक्त ऊना विकास लाबरू ने कहा कि सभी राजनीतिक दल अपने-अपने उम्मीदवारों के पक्ष में चुनाव रैली एवं जनसभाएं करने के बाद प्रचार के लिए इस्तेमाल में लाई जाने वाली सामग्री जैसे पोस्टर, बैनर आदि को तुरंत हटाना सुनिश्चित करें।
उपायुक्त शनिवार को विधानसभा चुनाव-2017 के दृष्टिगत विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जिला में स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव संपन्न करवाने में सभी राजनीतिक दल अपना रचनात्मक सहयोग प्रदान करें और आदर्श आचार संहिता की अनुपालना सुनिश्चित बनाएं। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों एवं उम्मीदवारों को विभिन्न तरह की अनुमतियां प्राप्त करने के लिए निर्वाचन आयोग ने सुविधा नामक ऐप बनाई है जिसके माध्यम से चुनाव रैली स्थल, लाउड स्पीकर, हेलीपैड, वाहन, रेस्टहाउस, मैदान, अस्थाई चुनाव कार्यालय आदि सहित अन्य बुकिंग के लिए आवेदन किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि चुनावी अनुमतियां संबंधित क्षेत्र के निर्वाचन अधिकारी द्वारा ऑनलाइन ही प्रदान की जाएंगी। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से आईटी क्षेत्र का ज्ञान रखने वाले लोगों की सहायता से इसके बेहतर इस्तेमाल करने पर बल दिया। उपायुक्त ने सभी राजनीतिक दलों से उनके द्वारा चुनाव प्रचार के लिए प्रयोग में लाई जाने वाली प्रचार सामग्री बारे संबंधित निर्वाचन अधिकारी को विस्तृत ब्योरा उपलब्ध करवाने पर भी बल दिया, ताकि इस संबध में पूरी जानकारी निर्वाचन अधिकारी के पास उपलब्ध रहे। साथ ही कहा कि चुनाव प्रचार में इस्तेमाल किए जाने वाले वाहनों की अनुमति भी अपने निर्वाचन अधिकारी से लेना सुनिश्चित बनाएं। उम्मीदवार द्वारा नामांकन दाखिल करते वक्त चुनाव आयोग द्वारा केवल तीन वाहनों को ही साथ में लाने की अनुमति होगी। ऐसे में उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से नियमों की सख्ती से अनुपालना सुनिश्चित बनाने पर बल दिया, ताकि चुनाव को सौहार्दपूर्ण तरीके से संपन्न करवाया जा सके।
उम्मीदवार अधिकतम 28 लाख कर सकेंगे खर्च
डीसी ने कहा कि सभी राजनीतिक दल एवं उम्मीदवार निजी संपत्ति में लगी प्रचार सामग्री को लेकर भी संबधित व्यक्ति के साथ हुए करारनामे की फोटो प्रति अपने क्षेत्र के चुनाव अधिकारी को उपलब्ध करवाएं। ताकि इस संबंध में पूरी जानकारी चुनाव अधिकारियों के पास उपलब्ध रहे। इसे उम्मीदवार के चुनावी खर्चे में शामिल किया जा सके। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग ने प्रत्येक उम्मीदवार के लिए अधिकतम 28 लाख रुपये खर्च करने की सीमा तय की है, इसलिए सभी राजनीतिक दल एवं उम्मीदवार इसे ध्यान में रखें। उन्होंने कहा कि चुनावी खर्च के लिए उम्मीदवार को एक अलग से खाता खोलना आवश्यक है, जिसके तहत ही चुनावी खर्चा किया जा सकता है।
उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से विधानसभा चुनाव को बेहतर व सौहार्दपूर्ण तरीके से संपन्न करवाने में जिला प्रशासन का अपना हरसंभव सहयोग प्रदान करने का आह्वान किया। इस अवसर एडीएम सुखदेव सिंह सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।