ऊना।
ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर, चिंतपूर्णी से भाजपा विधायक बलवीर सिंह चौधरी और गगरेट से भाजपा विधायक राजेश ठाकुर ने संयुक्त बयान जारी कर कहा कि पहले कांग्रेस पार्टी 50 साल का हिसाब दे, उसके बाद भाजपा सांसदों से हिसाब मांगे। कांग्रेस पार्टी पर प्रहार करते हुए भाजपा विधायकों ने कहा कि कांग्रेस पार्टी बताए कि हिमाचल के लिए कांग्रेसी सांसदों का क्या योगदान रहा है तथा कौन-कौन से प्रोजेक्ट कांग्रेसी सांसद हिमाचल को लेकर आए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेसी सांसद और प्रदेश की कांग्रेस सरकार तब कहां थी जब केंद्र की मनमोहन सरकार ने प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के औद्योगिक पैकेज की अवधि को खत्म कर दिया था। तब कांग्रेसी मौन क्यों थे? औद्योगिक पैकेज की अवधि को क्यों नहीं बढ़ाया गया। उन्होंने कहा कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने केंद्र की मोदी सरकार की ओर से हिमाचल को दिए प्रोजेक्टों में अड़ंगे लगाने का ही काम किया।
नितिन गडकरी की ओर से घोषित नेशनल हाईवे की डीपीआर क्यों तैयार नहीं की गई। बलवीर चौधरी ने पूछा कि भानुपल्ली-बिलासपुर-लेह रेलमार्ग पर यूपीए सरकार क्यों अड़ंगा लगाती रही। तब कांग्रेस के नेता और उनके सांसद कहां थे। उन्होंने कहा कि ऊना के लिए स्वीकृत पीजीआई सैटेलाइट सेंटर में अड़ंगा लगाने के लिए पूर्व कांग्रेस सरकार ने रास्ते के लिए जमीन देने के लिए केंद्र के समक्ष क्या शर्त रखी थी।
इस प्रोजेक्ट को लटकाने के पीछे उनका क्या मकसद था। भाजपा के इन तीनों नेताओं ने कहा कि प्रदेश में जयराम ठाकुर सरकार बेहतर कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा के सांसदों की उपलब्धियां ऐतिहासिक हैं। कांग्रेस के सांसद जो 50 वर्ष में नहीं कर पाए वह कार्य भाजपा के सांसदों ने हिमाचल के लिए किया है। हजारों करोड़ के प्रोजेक्ट हिमाचल को भाजपा सांसदों की ही देन हैं।