अमर उजाला ब्यूरो
चिंतपूर्णी/भरवाईं (ऊना)। श्रावण अष्टमी के नवरात्रे शुरू होते ही प्रदेश के शक्तिपीठों में श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया है। उत्तरी भारत के सुप्रसिद्ध धार्मिक स्थल छिन्नमस्तिका धाम चिंतपूर्णी में श्रद्धालु माता का आशीर्वाद लेने के लिए पहुंच रहे हैं।
चिंतपूर्णी में लगने वाले श्रावण मेले का काफी महत्व माना जाता है, इसलिए भारी संख्या में श्रद्धालु मां चिंतपूर्णी के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की भारी तादाद को देखते हुए प्रशासन ने शक्ति पीठ में सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए हैं। चिंतपूर्णी में श्रावण अष्टमी मेले के पहले दिन श्रद्धालुओं की बहुत कम संख्या देखने को मिली। सोमवार को दिनभर मंदिर परिसर में माता के जयकारे गूंजते रहे। मंदिर के कपाट रात एक बजे ही दर्शनों के लिए खोल दिए गए थे। दूसरी ओर लंगर लगाने वाली संस्थाएं क्षेत्र में डट गईं हैं।
मेला अधिकारी सुखदेव सिंह, एसडीएम बच्चन सिंह, मंदिर अधिकारी प्रेम लाल ने लंगर संस्थाओं से सफाई व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। मंदिर अधिकारी प्रेम लाल ने बताया कि मेले के पहले दिन 15 हजार श्रद्धालुओं ने मां के दरबार में हाजिरी भरी। मंदिर अधिकारी ने बताया कि मेले में असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के लिए मंदिर और उसके इर्द-गिर्द सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। वहीं जगह-जगह मेटल डिटेक्टर और बम निरोधक दस्ते की भी तैनाती की गई है।