लद्दाख में ढाई साल का बच्चा बृहस्पतिवार को पगनामठ का सिंहासन संभालेगा। इस बच्चे को पगनामठ के प्रभारी के 15वें अवतार का दर्जा दिया गया है।
लद्दाख स्थित बौद्ध धर्म के ढूपा समुदाय के पगनामठ के चौदहवें अवतारी लामा पगना रिंपोछे का निधन तीन साल पहले हो गया था।
अनुयायियों का दावा है कि उनका पंद्रहवां अवतार हिमाचल के केलांग में जिगमेग निमिंग्यूर ढीले दोरजे के रूप में हुआ है। यह बच्चा अब ढाई साल का हो चुका है।
बुधवार को लद्दाख से सौ लोगों का दल केलांग पहुंचा। यहां बालक का राज्याभिषेक किया गया। बौद्ध परंपरा के अनुसार बृहस्पतिवार को विधिवत राजतिलक लद्दाख में होगा।
साथ ही उसे पगनामठ के मठाधीश का जिम्मा भी सौंपा जाएगा। केलांग के शेर सिंह राला कारपा के घर जन्में जिगमेग निमिंग्यूर ढीले दोरजे (ढाई साल) को पिछले साल ही पगना बौद्ध मठ का 15वां अवतारी लामा घोषित किया था।
अब बालक लेह में बौद्ध धर्म की प्रारंभिक शिक्षा दीक्षा लेकर भविष्य में लोगों को बौद्ध धर्म के संदर्भ में ज्ञान बांटेगा। पगनामठ के कार्यकारी प्रभारी फंचोग बांगधूस ने बताया कि लद्दाख पहुंचने पर नन्हें अवतारी लामा का भव्य स्वागत होगा। उन्हें मठ का सिंहासन भी सौंपा जाएगा।