इसके बाद स्वास्थ्य संबंधी दिक्कत सामने आने पर उसकी जांच करवाई गई। जांच रिपोर्ट में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने आवश्यक एहतियाती कदम उठाते हुए छात्रा और उसके परिवार के दो सदस्यों को आइसोलेट किया। वहीं छात्रा का उपचार थानाकलां अस्पताल में चल रही है। प्रतियोगिता में जिले के विभिन्न स्कूलों के बच्चे शामिल हुए थे। ऐसे में स्वास्थ्य विभाग ने एहतियात के तौर पर प्रतियोगिता में भाग लेने वाले अन्य बच्चों के भी स्वाइन फ्लू टेस्ट करवाने का निर्णय लिया है।
विभाग की ओर से बच्चों के स्वास्थ्य पर नजर रखी जा रही है। किसी बच्चे में लक्षण पाए जाने पर उसकी जांच और आवश्यक उपचार करवाया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है और लोगों को घबराने की आवश्यकता नहीं है। विभाग की ओर से संक्रमण की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। बच्चों में बुखार, खांसी, गले में खराश, बदन दर्द या सांस संबंधी परेशानी जैसे लक्षण दिखाई देने पर अभिभावकों को सावधानी बरतते हुए स्वास्थ्य संस्थान में जांच करवाने की सलाह दी गई है।
स्वास्थ्य विभाग प्रतियोगिता में शामिल बच्चों की जांच के माध्यम से एहतियाती तौर पर स्थिति का आकलन कर रहा है। इस पर जिला नोडल अधिकारी डॉ. विशाल ठाकुर ने बताया कि बंगाणा उपमंडल के बिहड़ू की एक बच्ची स्वाइन फ्लू संक्रमित पाई गई है। बच्ची उपचाराधीन है। स्वास्थ्य विभाग इसे लेकर एहतियातन कदम उठाए हैं। स्वास्थ्य खंड अधिकारी थानाकलां डॉ. रमेश रत्तू ने बताया कि संक्रमित बच्ची का उपचार चल रहा है। एहतियातन तौर पर प्रतियोगिता में शामिल बच्चों की जांच भी की जाएगी।