शहर में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। गंदे पानी की सप्लाई के चलते अश्वनी खड्ड परियोजना से पानी की लिफ्टिंग पर प्रतिबंध है। शहर को फीड करने वाली दूसरी पेयजल योजना गिरि से जरूरत से बेहद कम पानी की सप्लाई मिल रही है। लिहाजा एक तरफ जहां आम लोग पानी की राशनिंग और अनियमित सप्लाई से जूझ रहे हैं वहीं दूसरी तरफ रसूखदार और नेताओं के घरों में पानी की कोई किल्लत नहीं।
आम लोगों पर एक घर में एक कनेक्शन का रूल लागू है। शहर में पैठ रखने वाले अधिकांश लोगों के घरों में आईपीएच और नगर परिषद दोनों की सप्लाई मुहैया करवाई जा रही है। हैरत की बात है कि कई लोगों के घरों में दो कनेक्शनों के साथ डायरेक्ट मुख्य पाइपलाइन से सप्लाई जोड़ दी है। हालांकि मुख्य पाइपलाइन से पानी लेने वालों को चिन्हित करके कनेक्शन काटने के आदेश उपायुक्त सोलन ने जारी किए थे।
इसमें दस दिन के भीतर कनेक्शन काटने को कहा था। लेकिन इसके बावजूद सोलन नगर परिषद ऐसे मामलों को चिन्हित कर समय पर नोटिस देने में नाकाम साबित हुई। बताया जा रहा है कि इस मामले में करीब 150 लोगों की सूची तैयार करके नोटिस जारी किए हैं। लेकिन अभी तक एक भी कनेक्शन नहीं काटा जा सका। वहीं एक घर में दो-दो एजेंसियों के कनेक्शन लेने वालों पर कोई कार्रवाई अमल में नहीं लाई जा रही है।
एकरूपता लाना मकसद
शहर में पेयजल वितरण में एकरूपता लाने की कवायद में नगर परिषद सोलन ही आड़े आ रही है। कई नेताओं और डीसी राकेश कंवर के आदेश के बावजूद शहर में पानी की मुख्य पेयजल पाइपों से लिए कनेक्शन काटने में देरी हो रही है।
शहर में पेयजल वितरण प्रणाली में सुधार और एकरूपता लाने की योजना तैयार की जा रही है। इसी के दृष्टिगत डीसी ने नगर परिषद को 10 दिन के अंदर ऐसे कनेक्शन काटने के आदेश दिए हैं जो मुख्य पाइप लाइन से दिए गए हैं। इसमें अधिकतर कनेक्शन प्रभावशाली लोगों के नाम है। डीसी का कहना है कि मामले की जांच होगी।
आम लोगों को परेशानी
नगर परिषद ने होटलों और बड़े अधिकारियों को इस प्रकार के कनेक्शन जारी किए हैं। इस तरह के कनेक्शन से संबंधित भवनों होटलों में लाइन चालू रहने तक पानी आता है। इस प्रणाली से शहर में जरूरतमंद उपभोक्ताओं को मांग अनुसार पानी नहीं मिलता।
प्रशासन ने उपभोक्ताओं को एक समान पेयजल के वितरण प्रणाली को लागू करने के लिए सख्त रुख अपनाया है। बता दें कि शहर में कई भवनों को दशकों पहले मुख्य पेयजल पाइप लाइन से कनेक्शन दिए हैं।
सुधार लाने के लिए बनेगी योजना
शहर के सभी उपभोक्ताओं को एक समान पेयजल वितरण की योजना बनाने की दिशा में प्रशासन ने नगर परिषद को निर्देश दिए हैं। इस समय शहर में करीब 10 हजार उपभोक्ता हैं लेकिन पेयजल वितरण की खामियों के चलते वार्ड क्षेत्रों में एक समान पानी की आपूर्ति नहीं होती।
कई जगह पानी की लीकेज से भी पेयजल की बर्बादी हो रही है। इसी के दृष्टिगत प्रशासन ने शहर में जल वितरण प्रणाली में सुधार करने योजना बनाने का फैसला लिया है। इसके तहत सभी को समान रूप से पेयजल की सप्लाई उपलब्ध करवाई जाएगी।
कनेक्शन की प्रक्रिया शुरू : ईओ
ईओ बीआर नेगी ने कहा कि पाइप लाइनों से दिए पानी के कनेक्शन काटने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। पेयजल आपूर्ति का जिम्मा संभाले जेई को इस प्रकार के कनेक्शन का पता लगाकर डिस्कनेक्ट करने के निर्देश दिए हैं। इस तरह के उपभोक्ताओं को सब लाइन से कनेक्शन दिए जाएंगे।