कौशल्या खड्ड पेयजल योजना का गिरा जलस्तर हिमुडा तीन से चार दिन बाद छोड़ रहा पानी की सप्लाई
30 साल से एक ही पेयजल योजना पर निर्भर परवाणू
संवाद न्यूज एजेंसी
परवाणू (सोलन)। पिछले करीब चार माह से सूखे के चलते पेयजल योजनाओं पर पानी का स्तर गिरना शुरू हो गया है। परवाणू क्षेत्र की प्यास बुझाने वाली कौशल्या खड्ड पेयजल योजना का भी जलस्तर तेजी से गिर रहा है। इसके चलते परवाणू क्षेत्र में पेयजल किल्लत शुरू हो गई है। हिमुडा की ओर से क्षेत्र में पानी की सप्लाई दी जाती है। अब सप्लाई को तीन से चार दिन बाद कर दिया है। इसके चलते संबंधित लोगों को महंगे दामों पर पानी के टैंकर खरीदने पड़ रहे हैं।
लोगों का कहना है कि हिमुडा परवाणू में पेयजल सप्लाई पिछले करीब 30 साल से एक ही स्रोत पर निर्भर है। इसके चलते क्षेत्र के लोगों को गर्मी और सर्दी दोनों मौसम में पेयजल किल्लत से जूझना पड़ता है। अभी तक हिमुडा क्षेत्र के लिए पेयजल योजना का कोई दूसरा विकल्प नहीं खोज पाया है। हिमुडा की ओर से हर वर्ष पानी के दाम बढ़ा दिए जाते हैं। परवाणू उद्योग संघ के सचिव सार्थक तनेजा ने बताया कि परवाणू में उद्योगों को 90 रुपये 1000 प्रति लीटर की दर से पानी मिल रहा है जो देश में सबसे महंगा है। इसके बाबजूद हिमुडा पानी की पूरी आपूर्ति नहीं कर पाता। उधर, हिमुडा के अधिशासी अभियंता गिरिश शर्मा ने कहा कि कौशल्या खड्ड में जलस्तर कम होने से परवाणू में पेयजल सप्लाई तीसरे दिन की गई है। जलस्तर पर नजर रखी जा रही है।