संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन/धर्मपुर। सनातन धर्म मंदिर धर्मपुर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा का पूर्णाहूति के साथ समापन हो गया। कथा के अंतिम दिन आचार्य तरुण शर्मा ने राजा परीक्षित मोक्ष की कथा सुनाई। उन्होंने कहा कि अंतिम दिन राजा को बचाने के लिए पूरे राज्य से एक से बढ़कर एक सपेरे महल में पहुंच गए। राजा की सुरक्षा को भी कड़ा कर दिया गया। इस दौरान भागवत कथा की समाप्ति पर राजा को फूलमाला डाली गई तो उसमें तक्षक नाग एक कीड़े के रूप में छुपा हुआ था। जैसे ही माला डाली तो नाग अपने रूप में आया और राजा को डंस लिया। इससे राजा की तुरंत मौत हो गई। उन्होंने कहा कि भागवत कथा सुनने के प्रभाव से राजा परीक्षित को मोक्ष प्राप्त हुआ और वे भगवान के धाम में चले गए।