प्रदेश सरकार ने बरसात को लेकर प्रशासन एवं संबंधित विभागों को एहतियात के तौर पर तैयारियाें करने के आदेश दिए हैं।
- फोटो : demo pic
प्रदेश सरकार ने बरसात को लेकर प्रशासन एवं संबंधित विभागों को एहतियात के तौर पर तैयारियाें करने के आदेश दिए हैं। लेकिन स्थानीय क्षेत्र में इन निर्देशों पर अमल होता नजर नहीं आता। अर्की का मांझू चौक पिछले कई सालों से बरसाती जलभराव की समस्या से जूझ रहा है। हालत यह है कि यहां से सभी आला अधिकारियों के वाहन हर और कई बार गुुजरते हैं। बावजूद इसके मांझू चौंक पर बारिश के पानी से बनने वाले तालाब को दुरुस्त नहीं किया गया। यही नहीं दोपहर बाद हुई भारी बारिश ने कुछ देर के लिए वाहनों के पहिये भी रोक दिए वहीं स्कूल से अवकाश के बाद घरों को जाने वाले स्कूली बच्चों को मांझू चौक पर बरसाती जलभराव की समस्या से दो चार होना पड़ा।
छोटे-छोटे बच्चों सहित सभी आने-जाने वाले लोगों को इधर उधर पानी में छलांग लगाकर गुजरना पड़ा। इससे सभी बच्चों के कपड़े-जूते इस पानी में खराब हो गए। पानी का बहाव अत्यधिक होने से कोर्ट परिसर, पुलिस एवं तहसील कार्यालय परिसर में पानी एवं मिट्टी भर गई। पूर्व पंचायत उपप्रधान ईश्वर सिंह सहित पूर्व बीडीसी सदस्य उर्मिला देवी, पूर्व प्रधान महेंद्र कुमार, प्रधान परमेंद्र ठाकुर, कुलदीप कुमार, निशांत, जितेंद्र कुमार, बंसी राम चौहान, सुदर्शन सिंह, अनिल कुमार और श्यामा देवी ने बताया कि मांझू चौक पर कई सालों से बरसाती पानी इकट्ठा होने से राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। उन्होंने बताया कि पानी के साथ यहां पर भारी मात्रा में मलबा एकत्र होता है। इससे दुकानदारों और होटल तथा मिठाई विक्रेताओं को इससे उठने वाली धूल मिट्टी की समस्या झेलनी पड़ती है। लोगों ने बताया कि इस बारे में लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से कई बार समाधान की गुहार लगाई लेकिन कुछ नहीं हुआ।