प्रदेश सरकार से फैसले पर पुनर्विचार करने की मांग
संकाय बंद करने से विद्यार्थी अन्य संस्थानों को जाने के लिए होंगे विवश
संवाद न्यूज एजेंसी
रामशहर(सोलन)। राजकीय महाविद्यालय रामशहर में वाणिज्य संकाय बंद किए जाने के निर्णय के विरोध में क्षेत्र के विद्यार्थियों, अभिभावकों तथा स्थानीय लोगों में भारी रोष है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह निर्णय न केवल विद्यार्थियों के शैक्षणिक हितों के विपरीत है, बल्कि क्षेत्र में उच्च शिक्षा के अवसरों को भी सीमित करेगा।
लोगों ने कहा कि राजकीय महाविद्यालय रामशहर में वर्षों से संचालित वाणिज्य संकाय क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए उच्च शिक्षा का एक महत्वपूर्ण माध्यम रहा है। इस संकाय से शिक्षा प्राप्त करने वाले अनेक विद्यार्थियों ने आगे चलकर हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला सहित देश के अन्य प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों में प्रवेश प्राप्त कर अपनी शैक्षणिक एवं व्यावसायिक पहचान स्थापित की है।
अभिभावकों का कहना है कि ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए वाणिज्य शिक्षा रोजगार तथा व्यावसायिक अवसरों का महत्वपूर्ण आधार है। ऐसे में इस संकाय को बंद करने से स्थानीय विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए अन्य स्थानों का रुख करना पड़ेगा। इससे गरीब और ग्रामीण परिवारों के बच्चों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा तथा कई विद्यार्थी उच्च शिक्षा से वंचित भी हो सकते हैं।
अभिभावकों और युवाओं ने राज्य सरकार तथा शिक्षा विभाग से मांग की है कि वाणिज्य संकाय को बंद करने संबंधी आदेश पर तुरंत पुनर्विचार किया जाए।