सोलन। पूर्व सांसद डॉ. राजन सुशांत ने कहा कि कर्मचारी सरकार की रीढ़ है लेकिन उनसे पेंशन का हक छीना गया है जो सरासर गलत है। अगर कर्मचारियों का ऐसा शोषण किया जाएगा तो कोई भी सरकार ठीक ढंग से कार्य नहीं कर सकती। कर्मचारियों और उनके परिवार के हितों को ध्यान में रखते हुए पेंशन का हक नहीं छीना जाना चाहिए। ओल्ड पेंशन स्कीम को लागू करने और न्यू पेंशन स्कीम के विरोध में पेंशनर संघों के पदाधिकारियों ने सोलन में सांकेतिक धरना दिया। धरने की अगुवाई पूर्व सांसद डॉ. राजन सुशांत ने की।
डॉ. सुशांत ने कहा कि प्रदेश के लगभग एक लाख कर्मचारियों के साथ भेदभाव किया जा रहा है। अपने जीवन के अहम वर्ष सरकारी सेवाओं में देने के बाद भी उन्हें पेंशन नहीं दी जा रही है। उन्होंने प्रदेश की जयराम सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि कर्मचारियों के हक को मारा जा रहा है जिसे सहन नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन पांच सितंबर को धर्मशाला से शुरू हुआ और निरंतर चलता रहेगा। जरूरत पड़ने पर इसे उग्र भी किया जाएगा। धरने में जिला सोलन के कई कर्मचारी पेंशनर संघ के पदाधिकारियों ने अपनी बात रखी। इस मौके पर एनडी शर्मा, संजय हिंदवान, डॉ. एमआर कौंडल, धनीराम तनवर, दीवान चंद शर्मा मौजूद रहे।