सोलन। प्रदेश में 94 फीसदी बुजुर्ग महिलाएं परिवार के साथ रह रही हैं। इससे बुजुर्ग महिलाओं की आर्थिक स्थिति काफी बेहतर है। प्रदेश की 68 फीसदी महिलाओं को अच्छी पेंशन दी जा रही है। जबकि 88 फीसदी बुजुर्ग महिलाओं को बच्चे आर्थिक सहायता प्रदान कर रहे हैं। यह खुलासा हेल्प एज इंडिया की ओर से किए गए सर्वे में हुआ है। इसमें प्रदेश में बुजुर्ग लोगों के बारे में स्टीक जानकारी दी गई है।
वहीं उपमंडलाधिकारी सोलन कविता ठाकुर ने हेल्पएज इंडिया की ओर से वूमैन एंड एजिंग इनविजिबल एंपावर्ड राष्ट्रीय रिपोर्ट-2023 का विमोचन किया। हेल्पएज इंडिया बुजुर्गों के लिए कार्यरत है और इस रिपोर्ट में देश की बुजुर्ग महिलाओं पर आधारित जानकारी है। इस दौरान उन्होंने कहा कि हेल्पएज इंडिया की यह अपनी तरह की ऐसी पहली रिपोर्ट है जो केवल बुजुर्ग महिलाओं पर ध्यान केंद्रित करती है।
वर्तमान में बुजुर्ग महिलाओं की जनसंख्या में तेजी से वृद्धि हो रही है। देश की जनसंख्या में बुजुर्ग महिलाओं का अनुपात प्रति हजार पुरूष 1065 है। यह रिपोर्ट जहां विभिन्न विषयों पर बुजुर्ग महिलाओं की जानकारी के बारे में अवगत करवाती है। वहीं इन महिलाओं की आवश्यकताओं पर भी प्रकाश डालती है। इस रिपोर्ट में हेल्पएज इंडिया की ओर से देश में बुजुर्ग महिलाओं के जीवन की गुणवत्ता में सुधार के लिए उपाय भी दिए गए। इस दौरान हेल्पएज इंडिया के सामाजिक सुरक्षा अधिकारी मनोज राज वर्मा ने कई प्रकार की अन्य जानकारी भी दी। इस मौके पर पर जीएवी विद्यालय की पूर्व प्रधानाचार्य डॉ. रश्मि पांडे, खुशी डे केयर सेंटर सोलन से तृप्ता, सामाजिक कार्यकर्ता विजय लांबा तथा इनरव्हील क्लब की अध्यक्ष मोनिका बंसल को सम्मानित भी किया किया गया।
इनसेट
प्रदेश के अलावा भी हुआ सर्वे
सर्वेक्षण देश के 20 राज्य, दो केंद्रशासित प्रदेशों और पांच मेट्रो शहरों में किया गया। आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2021 में देश में 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं की जनसंख्या कुल महिला आबादी का 11 फीसदी है। यह लगभग सात करोड़ है। वर्ष 2031 तक देश में 60 प्रतिशत से अधिक आयु वर्ग की महिलाओं की जनसंख्या कुल 72 करोड़ महिलाओं में 10 करोड़ हो जाएगी।