तेंदुए के खौफ से भराड़ीघाट के दसेरन पंचायत के लोगों को कुछ हद तक राहत मिल गई है।
- फोटो : अमर उजाला
तेंदुए के खौफ से भराड़ीघाट के दसेरन पंचायत के लोगों को कुछ हद तक राहत मिल गई है। स्थानीय लोगों के बीच खौफ का कारण बना तेंदुआ खुद ब खुद वन विभाग के पिंजरे में जा फंसा। तेंदुआ जख्मी था। सूचना मिलते ही मौके पर वन विभाग की टीम पहुंची।
प्राथमिक उपचार के बाद तेंदुए को रेस्क्यू सेंटर शिमला भेजा गया है। जानकारी के मुताबिक सोमवार सुबह लगभग 4 बजे वन विभाग द्वारा लगाए पिंजरे में तेंदुआ अचानक कैद हो गया। कैद होने के बाद तेंदुआ जोर-जोर से दहाड़ने लगा। दहाड़ने की आवाज सुन कर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे तो पाया कि तेंदुआ पिंजरे में कैद था। इसकी सूचना स्थानीय निवासी प्रेम भगत ने वन विभाग के अधिकारियों को फोन पर दी।
सूचना मिलने के बाद वन विभाग के अधिकारी सहायक संजीव सूद कुनिहार से अपनी टीम सहित मौके पर पहुंचे। इसके बाद वन विभाग शिमला से चिकित्सक और वन प्राणी विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। चिकित्सकों ने तेंदुए का प्राथमिक उपचार किया। साथ ही मादा तेंदुए को रेस्क्यू सेंटर शिमला भेजा गया। स्थानीय लोगों ने वन विभाग और रेस्क्यू टीम का धन्यवाद किया। मौके पर पंचायत प्रधान रामस्वरूप, दीप चंद, किशोरी शास्त्री, नीलम भारद्वाज, रूपलाल वर्मा, गीता राम, मनोज शर्मा और प्रकाश समेत अंबुजा सीमेंट फाउंडेशन के कर्मचारी मौजूद रहे।