होटल मालिक खुद छोड़ेंगे कूड़ा, निगम खरीदेगा तीन रुपये प्रति किलो
निगम की बैठक में लिया निर्णय, 20 होटल-संस्थान किए चयनित
होटलों व कॉलोनियों का 2,500 से 3,000 हजार रुपये मासिक बिल
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। शहर में अब बड़े होटलों, रेस्तरां और कॉलोनियों से नगर निगम की ओर से कूड़ा नहीं उठाया जाएगा। इसके तहत प्रतिदिन 100 किलोग्राम या उससे अधिक कचरा उत्पन्न करने वाले संस्थानों और होटल मालिकों को अपने स्तर पर ही कूड़े को सलोगड़ा स्थित ठोस कचरा प्रबंधन संयंत्र तक पहुंचाना होगा। वहां पर निगम तीन रुपये प्रतिकिलो की दर से कूड़ा खरीदेगा।
निगम की ओर से रोजाना ऐसे संस्थानों और होटलों से 100 किलो या इससे अधिक कूड़ा लिया जाता है। ऐसे में कम वाहन होने के कारण कई दूसरे वार्डों से कूड़ा उठाने में रोजाना कर्मचारियों को देरी होती है। वहीं निगम की बैठक में इस फैसले पर निर्णय लिया गया है। निगम की ओर से अब तक ऐसे 20 होटलों और संस्थानों को चयनित कर दिया गया है। निगम की ओर से सूखा कूड़ा लिया जाएगा और गीले कूड़े के लिए संस्थानों व होटलों को परिसरों के भीतर ही पिट की व्यवस्था करनी होगी। इस पिट के माध्यम से गीले कूड़े को खाद में परिवर्तित किया जा सकेगा। वहीं यदि कोई अपने परिसर में पिट तैयार नहीं कर सकता है, तो वह निगम के साथ टाइअप कर कूड़ा दूसरे पिट तक पहुंचा सकता है। वहीं इन नियमों को एक नवंबर से शहर में लागू कर दिया जाएगा। इसके बाद नियमों का उल्लंघन करने वालों पर निगम भारी जुर्माना या अधिक बिल वसूल सकता है। इन होटलों, कॉलोनियों व संस्थानों से निगम प्रतिमाह करीब 2,500 से 3,000 रुपये कूड़े का मासिक बिल लेता है।
इनसेट
आठ वार्डों में कूड़े बिल के नोटिस जारी
नगर निगम सोलन की ओर से शहर के आठ वार्डों में कूड़े के बिल के नोटिस जारी कर दिए गए हैं। सभी वार्डों में कूड़े के बिल न देने वाले लोगों को नोटिस जारी होने के बाद वार्ड एक से लेकर सर्वे शुरू कर बिल न देने वाले लोगों के पानी के कनेक्शन को काटना शुरू कर दिया जाएगा। इसके अलावा निगम पानी और संपत्ति कर के पैसे न चुकाने वालों के भी कनेक्शन काटने की तैयारी की जा रही है।
कोट
निगम की ओर से अब प्रतिदिन 100 किलो कूड़ा देने वाले होटलों और संस्थानों से कूड़ा नहीं लिया जाएगा। उन्हें सीधे सलोगड़ा तक कूड़ा पहुंचाना होगा। वहां पर निगम की ओर से इनसे तीन रुपये प्रतिकिलो के हिसाब से कूड़ा लिया जाएगा। इससे कूड़ा उठाने वाले वाहनों की कमी के कारण हो रही समस्या का समाधान होगा। -सुषमा शर्मा, महापौर, नगर निगम सोलन