कालका-शिमला नेशनल हाईवे पांच पर दोहरी दीवार के समीप सड़क केबीचोंबीच गिरा पत्थर। संवाद
दो घंटे बाद कंपनी की टीम ने सड़क से हटाया पत्थर
सनवारा और धर्मपुर में बारिश में पहाड़ी से गिरा मलबा
बरसात के मौसम ने बढ़ाई वाहन चालकों की मुसीबत
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। कालका-शिमला नेशनल हाईवे पांच पर शहर के दोहरी दीवार के समीप पहाड़ी से एक पत्थर सड़क के बीचोबीच आकर गिरा है। इससे सड़क पर बड़े वाहनों को निकलने में काफी दिक्कत आई। गनीमत यह रही कि जब सड़क पर पत्थर गिरा उस दौरान कोई भी वाहन सड़क से नहीं गुजर रहा था। इससे बड़ा हादसा होने से टल गया। वहीं, बारिश के बीच भूस्खलन भी हुआ। इससे सुबाथू की ओर आने-जाने वाले वाहन मुश्किल से निकले। इसके अलावा सनवारा और धर्मपुर में बारिश में अधिक मात्रा में सड़क पर पत्थर और मलबा गिरा है। अब बरसात के मौसम में फिर से एनएच पर चालकों की मुसीबत फिर बढ़ गई है। आगामी दिनों में यदि बारिश अधिक होती है तो फिर से नेशनल हाईवे बंद होने की आशंका बनी हुई है।
गौर रहे कि परवाणू से सोलन के बीच बरसात के मौसम में भूस्खलन होने का खतरा मंडराया रहता है। पिछले वर्ष भी बरसात के मौसम में एनएच पर काफी नुकसान हुआ था। चक्कीमोड़ में पूरी सड़क ढह गई थी और आवाजाही पर पूर्ण रोक लग गई थी। हालांकि इस बार फोरलेन निर्माण करने वाली कंपनी ने पहले ही तैयारियां पूर्ण कर ली हैं। लेकिन वीरवार सुबह हुई बारिश ने तैयारियों की पोल भी खोल दी है। दोहरी दीवार के समीप पहाड़ी से गिरे पत्थर को हटाने के लिए कंपनी की टीम ने दो घंटे का समय लगा दिया। इससे बड़े वाहनों को यहां से निकलने में काफी दिक्कत आई। यहां पर पिछली बरसात में पहाड़ी दरकी थी और डंगा भरभरा कर ढह गया था। एक वर्ष में भी यहां पर डंगें का निर्माण नहीं हुआ। इससे अब पहाड़ी से मलबा गिर रहा है।