धर्मपुर (सोलन)। कालका-शिमला नेशनल हाईवे पर कार में लगी भयानक आग का झूठा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने से धर्मपुर और आसपास के क्षेत्रों के लोग दहशत में रहे। वीडियो वायरल होने के बाद सभी लोग अपने रिश्तेदारों और परिजनों का हाल जानने के लिए फोन करते रहे। पुलिस थाना धर्मपुर में भी वीडियो वायरल होने के बाद लगातार फोन आते रहे। लोगों ने पुलिस से मांग की है कि इस तरह के वीडियो वायरल करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। ऐसे लोगों के खिलाफ आईटी एक्ट के तहत कार्रवाई होनी चाहिए। तकनीक के आधुनिक युग में इस तरह के मामलों को आसानी से पकड़ा जा सकता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में कार को जलता हुआ दिखाया गया है। इसमें एक आदमी को जलकर राख हुआ बताया है। हादसे को धर्मपुर के नजदीक का बताया है। वास्तव में पुलिस थाना धर्मपुर के तहत ऐसी कोई घटना ही नहीं हुई है। स्थानीय लोगों ने इस घटना का झूठा वीडियो वायरल करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। यह पहला मामला नहीं है बल्कि इससे पूर्व हरियाणा के पिंजौर में परिवहन निगम की बस के हादसे का शिकार होने का वीडियो भी वायरल किया था। इसमें बहुत से लोगों के घायल होने की खबर फैलाई थी। इससे लोग काफी समय तक परेशान रहे थे। पुलिस थाना धर्मपुर के प्रभारी नवीन झालटा ने कहा कि इस घटना का पता नहीं है। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर इस तरह की भ्रांतियां फैलाने वालों को बचना चाहिए। तकनीक का इस्तेमाल सही कामों में होना जरूरी है।