शिक्षा विभाग बौद्धिक क्षमता के आधार पर तैयार करेगा करिकुलम
बच्चों को खेल-खेल में दिया जाएगा शिक्षा का ज्ञान, मॉनिटरिंग भी होगी
यू डाइज पोर्टल पर नियमित अपडेट करेंगे, हर माह होगी समीक्षा
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। प्राथमिक स्कूलों में शिक्षा के स्तर को सुधारने और बच्चों की नींव मजबूत करने के लिए शिक्षा विभाग ने एक विशेष पहल की है। इसके तहत अब तीसरी कक्षा तक के विद्यार्थियों को अक्षर, संख्या और बुनियादी समझ के प्रारंभिक ज्ञान में पूरी तरह निपुण बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के माध्यम से छोटे बच्चों को पढ़ाई के प्रति आकर्षित करने और उनकी सीखने की क्षमता बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
खंड शिक्षा अधिकारी एचआर चंदेल ने बताया कि शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार, बच्चों की बौद्धिक क्षमता और मानसिक विकास को ध्यान में रखते हुए ही पाठ्यक्रम तैयार किया जा रहा है। पाठ्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों पर पढ़ाई का बोझ डालने के बजाय उन्हें खेल-खेल में शिक्षा प्रदान करना है। इसके लिए गतिविधि आधारित शिक्षण तकनीकों का सहारा लिया जाएगा, जिससे बच्चे सहजता और रुचि के साथ बुनियादी गणित और भाषा का ज्ञान सीख सकें।
इस योजना को केवल कागजों तक सीमित न रखकर धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए सख्त मॉनिटरिंग व्यवस्था बनाई गई है। हर स्कूल में बच्चों की सीखने की प्रगति का निरंतर आकलन किया जाएगा। शिक्षकों द्वारा विद्यार्थियों के प्रदर्शन और रिपोर्ट को यू-डाइज पोर्टल पर नियमित रूप से अपडेट करना अनिवार्य होगा। पोर्टल पर अपलोड किए गए डेटा के आधार पर शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारी हर माह जिला और ब्लॉक स्तर पर योजना की समीक्षा करेंगे।
यदि किसी स्कूल या क्षेत्र में बच्चों का स्तर उम्मीद के मुताबिक नहीं पाया जाता है, तो वहां विशेष सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे। विभाग का मानना है कि यदि शुरुआती चरणों में ही बच्चों का आधार मजबूत कर दिया जाए, तो आगे की कक्षाओं में उन्हें विषयों को समझने में परेशानी नहीं होगी। इस अभियान से जिले के सैकड़ों सरकारी प्राथमिक स्कूलों के हजारों बच्चों को सीधा लाभ मिलेगा।