पुलिस के अनुसार दाता राम अपनी पत्नी और चार बच्चों के साथ जुड्डी कलां में किराये के मकान में रहता था। शनिवार को स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में उद्योगों में छुट्टी होने के कारण वह घर पर ही था। आरोप है कि शनिवार शाम करीब 9:30 बजे वह शराब पीकर घर पहुंचा और पत्नी से कहासुनी करने लगा। बच्चों ने पुलिस को बताया कि पिता ने पहले मां के साथ बहस की और फिर मारपीट शुरू कर दी। इसी बीच उसने गुस्से में आकर चाकू से पत्नी के पेट पर ताबड़तोड़ तीन वार कर दिए। गंभीर चोट लगने से महिला लहूलुहान होकर बेहोश हो गई। मां को खून से लथपथ देखकर बच्चे चीखने-चिल्लाने लगे।
शोर सुनकर आसपास के पड़ोसी पहुंचे और गंभीर घायल महिला को उपचार के लिए बद्दी अस्पताल ले गए। हालांकि, अत्यधिक खून बह जाने के कारण महिला ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया। बद्दी अस्पताल के चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। एएसपी अशोक वर्मा ने बताया कि पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया है। सोमवार को शव का बिलासपुर स्थित एम्स में पोस्टमार्टम करवाया जाएगा, जिसके बाद उसे परिजनों को सौंप दिया जाएगा। फिलहाल पुलिस की टीमें फरार आरोपी दाता राम की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।
महिला ने बताया कि उसकी बहन को समय पर उपचार मिलता तो वह बच जाती। लेकिन खून का अधिक स्राव होने से उसकी मौत हुई है। घटना के बाद कोई भी उसमें हाथ नहीं लग रहा था, जिससे उसे समय पर अस्पताल नहीं पहुंचाया जा सका। करीब एक घंटे के बाद उसे अस्पताल पहुंचाया गया जिससे अधिक खून बहने से उसकी मौत हो गई। उसकी बहन के चारों बच्चे अनाथ हो गए हैं। अभी तो वह उनकी देखभाल कर रही है लेकिन भविष्य में इन्हें कौन देखेगा। मां के मरने के बाद इनका पिता भी लापता हो गया है। अगर वह वापस आएगा तो पुलिस गिरफ्तार कर लेगी। अब इन छोटे बच्चों के को कौन रखेगा।