-ग्राउंड रिपोर्ट-
पिछले वर्ष की तुलना में आवक में 89 प्रतिशत की भारी गिरावट
मंडी में खरीद के लिए देशभर से पहुंच चुके हैं सेब कारोबारी
पारूल शर्मा
परवाणू (सोलन)। प्रदेश की प्रमुख परवाणू सेब मंडी में इस बार सेब सीजन का आगाज पिछले साल के मुकाबले काफी सुस्त है। आंकड़ों पर नजर डालें तो इस वर्ष 29 जुलाई तक मंडी में केवल 13,662 सेब की पेटियां ही पहुंची हैं, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में 29 जुलाई तक 1.26 लाख पेटियां मंडी में पहुंच चुकी थीं। यानी इस बार अब तक आवक में लगभग 89 प्रतिशत की भारी गिरावट दर्ज की गई है। पिछले साल 29 जुलाई तक 15,671 नाशपाती की पेटियां पहुंची थीं, जो इस बार घटकर महज 1,481 पेटियां रह गई हैं। मंडी कारोबारियों और बागवानों के अनुसार, फिलहाल केवल कम ऊंचाई (लो-हाइट) वाले क्षेत्रों से ही फसल आ रही है, जहां इस बार पैदावार थोड़ी कम रही है। हालांकि, 15 अगस्त के बाद जैसे ही ऊंचाई वाले क्षेत्रों से उच्च गुणवत्ता वाले प्रीमियम सेब की आवक शुरू होगी, मंडी के कारोबार में तेजी आने की पूरी संभावना है। बता दें कि पिछले पूरे सीजन में परवाणू मंडी में 9.96 लाख सेब और 22,872 नाशपाती की पेटियां बिकी थीं।
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देशभर के व्यापारियों ने डाला डेरा
भले ही आवक अभी कम हो, लेकिन देश के कोने-कोने से सेब कारोबारी परवाणू मंडी पहुंचने लगे हैं। मंडी में अब तक 81 आढ़तियों का पंजीकरण हो चुका है। वर्तमान में सेब उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और झारखंड भेजा जा रहा है। आने वाले दिनों में प्रीमियम सेब की खरीद के लिए तमिलनाडु, बंगलूरू और चेन्नई से भी बड़े व्यापारी मंडी में डेरा जमाने लगेंगे।
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मंडी में फलों के ताजा भाव
इन दिनों मंडी में सुपर बड़ा आकार का सेब 3,000 से 4,000 रुपये प्रति बॉक्स, सुपर छोटा आकार का सेब 2,000 से 3,000 रुपये, गाला हॉफ बॉक्स 1,500 से 2,500 रुपये, गाला पेटी 3,000 से 4,500 रुपये, रेड गोल्ड 1,500 से 2,500 रुपये और नाशपाती 1,500 से 2,500 रुपये प्रति पेटी बिक रही है।
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मंडी में व्यवस्थाएं और सुविधाएं
बागवानों और व्यापारियों की सहूलियत के लिए मंडी परिसर में रहने, पीने के पानी, शौचालय, कैंटीन और पर्याप्त पार्किंग की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा हाल ही में मंडी में सुरक्षा रेलिंग और दुकानों के नवीनीकरण का काम भी पूरा कराया गया है।
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सेब सीजन की शुरुआत हो चुकी है और मंडी प्रशासन की ओर से बागवानों व व्यापारियों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। आने वाले दिनों में ऊंचाई वाले क्षेत्रों से फसल आते ही आवक बढ़ेगी और व्यापार में अच्छी तेजी देखने को मिलेगी।
-राजेश सदैक, मंडी प्रभारी, परवाणू
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सीजन अभी शुरुआती दौर में है, जिसके कारण आवक थोड़ी कम है। हालांकि, मंडी में व्यापारियों की मौजूदगी और बाजार के रुख को देखते हुए आने वाले दिनों में बेहतर कारोबार होने की पूरी संभावना है।
-संजीव बरांटा, प्रधान, परवाणू सेब आढ़ती एसोसिएशन
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सेब का 3,500 रुपये प्रति पेटी के हिसाब से अच्छा भाव मिला है। हालांकि इस बार पिछले वर्ष की तुलना में सेब की पैदावार कम है।
रामानंद, बागवान (नेरवा)
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मंडी में सेब की फसल 3,000 प्रति पेटी की दर से बिकी है, जिससे संतुष्ट हूं।
सोहन, बागवान निवासी बामटा