रेटिंग-1 आने से कंपनी प्रबंधकों ने लिया निर्णय
दो कामगार 28 सालों से कर रहे थे कंपनी में नौकरी
संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी (सोलन)। अंबुजा सीमेंट कंपनी ने कामगारों की छंटनी शुरू कर दी है। इसी के तहत नालागढ़ के बघेरी स्थित अंबुजा सीमेंट कंपनी ने अपने चार कर्मचारियों को कंपनी में आने से रोक दिया। इन कामगारों में दो को 28-28 साल व दो को पंद्रह साल से अधिक का समय हो गया है। इन कर्मचारियों ने अपने बच्चों को पढ़ाई के लिए लोन लिए हुए हैं। साथ ही इसी से उनका खर्चा चल रहा था। मगर अब नौकरी जाने से उनके आगे रोजी रोटी का संकट पैदा हो गया है।
बताया जा रहा है कि कंपनी हर साल अपने कामगारों को काम के हिसाब से रेटिंग देती है। इसमें जिसकी रेटिंग कम हो उसे निकाल दिया जाता है। इस वर्ष कंपनी ने पांच लोगों को रेटिंग-1 दी है। इस रेटिंग का मतलब होता है कि वह कामगार कंपनी के हित में काम नहीं कर रहे हैं। एक रेटिंग आते ही पहले तो इन कामगारों को इस्तीफा देने के लिए दबाव बनाया गया। एक कर्मचारी ने इस्तीफा दे दिया जबकि चार कर्मचारियों ने मना कर दिया। जिस पर दो कामगारों को 13 अक्तूबर और दो कामगारों को 16 अक्तूबर को निलंबित करके गेट बंद कर दिया। इनसे मोबाइल फोन के सिम भी ले लिए गए। लैपटॉप भी इनसे गेट पर ही जमा करवा लिए गए। अब यह चारों कर्मचारी घर बैठे हैं।
निकाले गए कर्मचारी दुर्गाचंद वर्मा ने बताया कि उसे कंपनी में 28 साल हो चुके हैं। अभी तीन साल उसकी नौकरी के बचे हैं। लेकिन उन्हें बिना कारण ही नौकरी से हटा दिया गया। इसके अलावा बाबूराम धीमान, हितेश कुमार व अजय कुमार को भी रेटिंग एक देकर बाहर कर दिया गया है। अजय कुमार के अभी 15 साल नौकरी के बचे हुए हैं। ऐसे में उसके लिए भी परेशानी खड़ी हो गई है।
उधर, कंपनी के एचआर प्रबंधक जयंत कुमार ने बताया कि चारों कामगारों को कंपनी से निकाल दिया है। उनका कहना है कि इन कामगारों को रेटिंग एक आई है। जिसके चलते कंपनी को यह फैसला लिया है।