जिला में स्वच्छता बनाए रखने के लिए 231 सार्वजनिक शौचालयों के निर्माण को स्वीकृति मिल गई है।
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जिला में स्वच्छता बनाए रखने के लिए 231 सार्वजनिक शौचालयों के निर्माण को स्वीकृति मिल गई है। इसमें स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत जिले में ठोस एवं तरल कचरा प्रबंधन के तहत वर्ष 2014-15 में 15 पंचायतों, वर्ष 2015-16 में 20 पंचायतों और वर्ष 2016-17 में 30 पंचायतों का चयन किया है। अब हर पंचायत में करीब एक सार्वजनिक शौचालय बनेगा।
योजना में अभी तक 5 करोड़ 46 लाख रुपये की राशि विभिन्न खंडों को जारी कर दी है। इसका खुलासा सोलन में आयोजित खंड विकास अधिकारियों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे डीसी राकेश कंवर ने किया। इसके अलावा उन्होंने बताया कि जिला में 45,055 मनरेगा श्रमिकों में से 44,899 श्रमिकों का पारिश्रमिक आधार कार्ड के माध्यम से उनके बचत खाते में जमा करवाया जा रहा है।
शेष 156 श्रमिकों के बचत खातों को भी शीघ्र आधार कार्ड से जोड़ा जाएगा। उन्होंने बैंकों को निर्देश दिए कि विभिन्न विकास कार्यों के आधार लिंक भुगतान की व्यवस्था के लिए औपचारिकताओं को शीघ्र पूरा किया जाए। जिला में मनरेगा के तहत 16,841 कार्यों में से 16,560 कार्य पूर्ण कर लिए गए हैं। कुछ कार्य प्रगति पर हैं।
जिला में 200 स्वयं सहायता समूहों के लक्ष्य के मुकाबले 193 स्वयं सहायता समूहों का गठन किया है तथा इनमें 6 लाख रुपये की राशि का लेन-देन किया जा चुका है। इन स्वयं सहायता समूहों के सौजन्य से एक करोड़ 62 लाख रुपये की राशि बैंकों मेें जमा करवाई जा चुकी है। डीसी ने खंड विकास अधिकारियों को स्वयं सहायता समूहों की विकासात्मक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी संदीप नेगी, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण के परियोजना अधिकारी भानू गुप्ता, जिला पंचायत अधिकारी विजय बरागटा सहित जिला के सभी खंड विकास अधिकारी मौजूद रहे।