अचानक तीन गुना बढ़ी फीस पर भड़के अभिभावक
स्कूल प्रबंधन की ओर से मंगाई गई पुलिस सुरक्षा को लेकर भड़के अभिभावक
कहा- बात करने आए हैं, लड़ने-झगड़ने नहीं, फीस वृद्धि वापस करने की उठाई मांग
स्कूल प्रबंधन ने अभिभावक से मांगा छह दिन का समय
अमर उजाला ब्यूरो
सोलन। शहर के निजी स्कूल में फीस बढ़ोतरी को लेकर अभिभावकों ने मोर्चा खोल दिया है। सोलन के सेंट ल्यूक्स स्कूल में अचानक दो से तीन गुना फीस बढ़ाने पर अभिभावकों ने रविवार को चिल्ड्रन पार्क पर आम सभा कर एक एसोसिएशन बनाई। इसके बाद एसोसिएशन के साथ अन्य अभिभावक सोमवार को सेंट ल्यूक्स स्कूल प्रबंधन से मिले जहां अभिभावकों ने स्कूल प्रबंधन से फीस बढ़ोतरी का कारण पूछा। वहीं, इस फैसले को वापिस लेने को कहा। इस दौरान स्कूल परिसर में करीब 300 अभिभावक एकत्रित था। इसके बाद स्कूल ऑडिटोरियम में स्कूल प्रबंधन के साथ बैठक में पुलिस के हस्तक्षेप के बाद माहौल गर्म हो गया था। इसमें अभिभावकों का कहना था कि वह स्कूल प्रबंधन से फीस बढ़ोतरी पर बात करने आए हैं, उनसे लड़ाई-झगड़ा करने नहीं। इस दौरान सभी अभिभावकों ने एक मत से फीस वृद्धि, एनुअल चार्ज, कंप्यूटर फीस, स्पोर्ट्स और बिल्डिंग फंड को खत्म करने की स्कूल प्रबंधन से अपील की। वहीं इस पर स्कूल प्रबंधन से अभिभावकों से फीस से संबंधित मामले में छह दिन का समय मांगा है।
यह है अभिभावकों का आरोप
अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन अभिभावकों से बहुत अधिक फीस ले रहा है। पिछले साल के मुकाबले इस साल दो से तीन गुणा अधिक फीस वसूली जा रही है। अभिभावकों का यह भी आरोप है कि स्कूल ने पैसे ऐंठने के लिए तरह-तरह के फंड तैयार किए हैं। यह ऐसे फंड हैं जो अभिभावकों के समझ से परे है। इन फंड का अभिभावकों पर अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है। अभिभावकों का कहना है कि जब स्कूल को ट्यूशन फीस दी जा रही है तो एनुअल फीस क्यों दें। शहर के कई निजी स्कूल में तो शहर की एक दुकान से जबरदस्ती वर्दी लेने का दबाव भी अभिभावकों पर डाला जाता है। घटिया मैटीरियल से निर्मित वर्दी दी जाती है जिससे वर्दियां बार-बार लेनी पड़ती हैं। एसोसिएशन का कहना है कि स्कूल की मनमानी को बिल्कुल सहन नहीं किया जाएगा।
फीस कम नहीं की तो डीसी से सीएम तक पहुंचाई जाएगी शिकायत
अभिभावक समिति की अध्यक्ष देवनी शर्मा ने बताया कि देश भर में अभिभावक निजी स्कूलों की मनमानी से परेशान हैं। हर वर्ष स्कूल प्रबंधन फीस वृद्धि कर रहा है जिससे बच्चों को पढ़ाना मुश्किल हो रहा है। उन्होंने कहा कि यदि स्कूल प्रबंधन अपनी मनमानी से बाज नहीं आते और बढ़ाई फीस वापस नहीं लेते तो वे इसकी शिकायत डीसी से लेकर सीएम तक इसकी शिकायत की जाएगी। उन्होंने बताया कि स्कूल प्रबंधन ने अप्रैल में दी जाने वाली वार्षिक फीस को 15,595 से 26,990 रुपये किया है। यह अभिभावकों की जेब पर भारी पड़ रही है। वहीं, उन्होंने बताया कि स्कूल प्रबंधन ने इस मामले में छह दिन का समय मांगा है। इसके बाद अभिभावक एक बार फिर स्कूल प्रबंधन से मिलेगा।