नालागढ़ (सोलन)। नगर परिषद नालागढ़ के अध्यक्ष मनोज वर्मा ने पद से इस्तीफा दे दिया है। नगर परिषद के निवर्तमान अध्यक्ष मनोज वर्मा का जून 2017 में अध्यक्ष पद के लिए मनोनयन हुआ था और जुलाई माह में उन्होंने अध्यक्ष पद पर शपथ ग्रहण की थी। करीब सवा साल के कार्यभार देखने के बाद नगर परिषद अध्यक्ष मनोज वर्मा ने अपने पद से त्यागपत्र दे दिया है। हालांकि, इस इस्तीफे के पीछे उन्होंने अपनी पारिवारिक समस्याओं और निजी कामों का हवाला दिया है।
वार्ड-9 के पार्षद मनोज वर्मा को बीते वर्ष 28 जून को नगर परिषद नालागढ़ का अध्यक्ष चुना गया है। उनकी पद व गोपनीयता की शपथ का समारोह नगर परिषद सभागार में आयोजित किया था। गत वर्ष 27 फरवरी को नगर परिषद नालागढ़ के पांच पार्षदों मौजूदा नप अध्यक्ष मनोज वर्मा, उपाध्यक्ष नीलम खुल्लर, पार्षद धर्मेंद्र राणा, पवन कुमार व अल्का वर्मा ने पूर्व अध्यक्ष महेश गौतम के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाया था जिस पर बीते वर्ष 20 मार्च को पूर्व अध्यक्ष महेश गौतम को बहुमत साबित करने से पहले ही 18 मार्च को अपने पद से त्यागपत्र दे दिया था। इसके बाद नए अध्यक्ष का चयन हुआ था और मनोज वर्मा ने अध्यक्ष पद की शपथ ली थी।
सूत्र बताते है कि इस दौरान पांचों पार्षदों के बीच समझौता हुआ और अध्यक्ष व उपाध्यक्ष पदों का आपस में बंटवारा कर कसमें-रस्में निभाई गईं। इसी के तहत पांच पार्षदों में से मनोज वर्मा, धर्मेंद्र राणा व पवन कुमार के बीच अध्यक्ष पद को लेकर बंटवारा हुआ जबकि पार्षद नीलम खुल्लर को उपाध्यक्ष पद के लिए चुना गया। पार्षद अल्का वर्मा पूर्व में नप अध्यक्ष पद पर आसीन रह चुकी हैं और नप अध्यक्ष मनोज वर्मा की धर्मपत्नी है। इनके बीच हुए समझौते के तहत मौजूदा अध्यक्ष का कार्यकाल समाप्त हो गया जिसके तहत उन्होंने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। मनोज वर्मा ने कहा कि उनके कार्यकाल में शहर के सभी वार्डों का एक समान और बिना भेदभाव के विकास कार्य हुए हैं।
उन्होंने कहा कि शहर के विकास के लिए वह पूरी तरह से कृतसंकल्प है और नए अध्यक्ष को भी वह अपना पूर्ण सहयोग देंगे। नगर परिषद उपाध्यक्ष नीलम खुल्लर ने कहा कि अध्यक्ष का त्यागपत्र उन्हें मिला है जिसे मंजूरी के लिए जिला प्रशासन को भेजा जा रहा है। अगले अध्यक्ष के चयन करने के लिए शहरी विकास विभाग से आने वाली तिथि के मुताबिक नए अध्यक्ष का चयन किया जाएगा।