नाहन/ पांवटा साहिब (सिरमौर)। हिमाचल प्रदेश राज्य प्रशासनिक सेवा (एचएएस) की प्रारंभिक परीक्षा रविवार को सिरमौर जिले के विभिन्न केंद्रों में आयोजित की गई। कोरोना संकट के चलते परीक्षा केंद्रों में 50 प्रतिशत से अधिक अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। नाहन और पांवटा साहिब के लगभग एक दर्जन से अधिक परीक्षा केंद्रों में परीक्षा हुई। अभ्यर्थियों की परीक्षा केंद्र में पहुंचने से पहले थर्मल स्क्रीनिंग की गई। परीक्षा केंद्रों के गेट पर अभ्यर्थियों के हाथ सैनिटाइज कराने का प्रबंध किया गया था। इसके बाद ही अभ्यर्थी अंदर प्रवेश कर सके।
पांवटा साहिब में 5 परीक्षा केंद्रों में परीक्षा हुई। कोविड-19 से संक्रमित एचएएस के परीक्षार्थी को रामपुरघाट कोविड केंद्र में परीक्षा रखी थी। लेकिन, एचएएस की परीक्षा में कोई भी संक्रमित सदस्य नहीं पहुंचा। एचएएस की प्रारंभिक परीक्षा एसडीएम पांवटा नोडल अधिकारी की देखरेख में हुई। पांवटा साहिब के 5 परीक्षा केंद्रों में सुबह के सत्र में कुल 949 अभ्यार्थियों में से 544 ने परीक्षा दी। 405 अनुपस्थित रहे। वहीं, दोपहर 2 बजे के बाद परीक्षा सत्र में कुल 949 में से 535 अभ्यार्थियों ने परीक्षा दी तथा 414 अनुपस्थित रहे। एसडीएम पांवटा लायक राम वर्मा ने बताया कि एचएएस परीक्षा का संचालन सफलतापूर्वक हुआ।
नाहन में परीक्षा के लिए कुल 1897 अभ्यर्थियों को रोलनंबर भेजे गए थे। इनमें से 1808 ने परीक्षा दी। सुबह के सत्र में 958 और दोपहर के सत्र में 950 ने परीक्षा दी। उधर, राजगढ़ में भी कोरोना संक्रमण का प्रभाव देखने को मिला। डीएवी स्कूल राजगढ़ में पहली बार बने एचएएस परीक्षा केंद्र में अभ्यर्थियों की उपस्थिति मात्र 42 प्रतिशत रही। परीक्षा केंद्र में 218 अभ्यर्थियों को रोल नंबर जारी किए गए थे, जिसमें से मात्र 93 अभ्यर्थी ही परीक्षा देने पहुंचे। एसडीएम राजगढ़ नरेश वर्मा ने इसकी पुष्टि की है। वहीं, ददाहू में 30 फीसदी अभ्यार्थियों ने परीक्षा नहीं दी। यहां केवल 32 अभ्यर्थियों ने ही परीक्षार दी। 120 अभ्यर्थियों ने इस परीक्षा में भाग लेना था।