राजगढ़ (सिरमौर)। सिरमौर जिला के किसानों के लिए अच्छी खबर है। इस साल जिले के लहसुन उत्पादकों को उनकी मेहनत के बेहतर दाम मिल रहे हैं। शुरूआती दौर में ही लहसुन का भाव 65 से 70 रुपये प्रतिकिलोग्राम तक पहुंचा है। जबकि पिछले साल लहसुन की कीमत 50 रुपये प्रतिकिलो तक रही थी। इस साल लहसुन की कीमत में 25 रुपये प्रतिकिलो के हिसाब से इजाफा दर्ज किया जा रहा है जिससे जिले के किसानों के चेहरे खिल गए हैं।
सर्दियों के मौसम में पर्याप्त बर्फबारी और बारिश न होने से इस बार हालांकि लहसुन की फसल खास अच्छी नहीं है लेकिन किसानों को शुरूआती दौर में ही अच्छे दाम मिलने से राहत मिली है। प्रगतिशील किसान सुरेश कुमार, वीरेंद्र कुमार, राजकुमार, अनिल, सुरेंद्र व विपतानंद ने बताया कि इस साल लहसुन उत्पादकों को सबसे अधिक दाम मिल रहे हैं। हरे लहसुन के किसानों को 65 से 70 रुपये प्रतिकिलो के दाम मिल रहे हैं। यह दाम आज तक के सबसे अधिक दाम हैं। गत वर्ष भी किसानों को अच्छे दाम मिले थे। उस समय लहसुन करीब पचास रुपये प्रतिकिलो तक बिका था। अच्छे दाम मिलने से किसान लहसुन बेचने को तरजीह दे रहे हैं। इस साल लहसुन के बढ़िया दाम रहने की संभावना जताई जा रही है।
किसानों का कहना है कि लहसुन को रोककर चार माह बाद बेचने पर जहां लहसुन का वजन कम हो जाता है, वहीं इसको रखने के लिए स्थान भी अधिक चाहिए। किसान प्रारंभ में ही अच्छे दाम मिलने से फसल बेचने को तरजीह दे रहे हैं।
उधर, लहसुन के व्यापारी यशपाल चौहान ने बताया कि पिछले साल दाम पचास से 55 रुपये प्रतिकिलो थे लेकिन इस बार 65 से 70 रुपये प्रतिकिलो तक के दाम किसानों को मिल रहे हैं। उन्होंने बताया कि अभी व्यापारियों ने माल को मंडियों में नहीं भेजा है। स्थायी दाम उसके बाद ही तय होंगे। उन्होंने बताया कि इस बार फसल कम हुई है इसलिए बाद में भी लहसुन के दाम अच्छे रहेंगे।